डेढ़ लाख से अधिक युवाओं का जुड़ा है भविष्य
दोनों परीक्षाओं से प्रदेश के डेढ़ लाख से अधिक युवाओं का भविष्य जुड़ा है। एचसीएस 156 पदों के लिए 148262 ने आवेदन किया था और 12 सितंबर 2021 को 75402 ने लिखित परीक्षा दी। 24 सितंबर को प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम आया जिसमें 2041 अभ्यर्थी मुख्य परीक्षा के लिए शार्ट लिस्ट किए गए। इसी प्रकार डेंटल सर्जन के 81 पदों के लिए 7891 ने आवेदन किया और 26 सितंबर को 4914 ने लिखित परीक्षा दी। 10 नवंबर को परीक्षा में 220 अभ्यर्थियों को साक्षात्कार के लिए शार्ट लिस्ट किया गया था। परीक्षाएं रद्द करने के बाद अब दोबारा कराई जाएंगी। एचसीएस प्रारंभिक परीक्षा 10 जुलाई और डेंटल सर्जन की परीक्षा 19 जून को घोषित की गई है।
आजीवन लगे प्रतिबंध और नाम हो सार्वजनिक: ढुल
नौकरियों के मुद्दे को लेकर मुखर सामाजिक कार्यकर्ता श्वेता ढुल का कहना है कि जिन अभ्यर्थियों ने पैसे देकर परीक्षा पास कराई है, उनके नाम और रोल नंबर सार्वजनिक किए जाएं। साथ ही ऐसे अभ्यर्थियों पर आजीवन परीक्षा देने पर प्रतिबंध लगाया जाए। फर्जीवाड़े में शामिल अभ्यर्थियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि भविष्य में कोई ऐसा ना सोचे।
परीक्षाओं के फर्जीवाड़े में शामिल अभ्यर्थियों को लेकर एचपीएससी की समिति फैसला करेगी। विजिलेंस की रिपोर्ट का अध्ययन किया जा रहा है। इसी रिपोर्ट के आधार पर निर्णय लिया जाएगा। - आलोक वर्मा, चेयरमैन, हरियाणा लोक सेवा आयोग