प्रदेश कांग्रेस प्रधान प्रताप बाजवा ने कहा है कि हरियाणा में मोर्चा खोलकर मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल अपनी सरकार की असफलता छिपाना चाहते हैं। उनका यह कदम समझ से दूर है और समुदाय के अंदर खतरनाक टकराव का कारण बन सकता है।
बाजवा ने आरोप लगाया कि बादल पंजाब के सिखों की भावनाएं भड़काने की कोशिश कर रहे हैं। वह लोगों का ध्यान अपनी सरकार की नाकामी से भटकाना चाहते हैं। सरकार उम्मीदों पर खरी नहीं उतरी, लोगों ने लोकसभा चुनाव में गुस्सा दिखाया।
बाजवा ने कहा कि बादल ने हमेशा से ऐसे मोर्चों द्वारा सिख सियासत को अपने परिवार के हितों के लिए इस्तेमाल किया है। इनमें आम सिख ही जेल जाता है और बलिदान देता है। बादल ने हमेशा समर्थन हासिल करने को इन मोर्चों का इस्तेमाल किया। पर सत्ता में आने के बाद वह हमेशा अपनी मांग से पीछे हट गए।
बाजवा ने कहा कि पंजाब के लोगों को बादल की भावुक बातों में नहीं आना चाहिए। बादल पहले हरसिमरत कौर बादल से कैबिनेट से इस्तीफा दिलवाएं। सुनिश्चित करें कि मोर्चे के दौरान बादल परिवार का कोई सदस्य सत्ता नहीं संभालेगा।
बादल पहले साफ करें कि क्यों हरियाणा के सिखों की अपने धार्मिक स्थानों का प्रबंध करने संबंधी भावनाओं का विरोध कर रहे हैं। बाजवा ने आशंका जताई कि अगर अकाली दल ने मोर्चा खोला तो हालात बिगड़ सकते हैं।