मतदान प्रक्रिया के बाद चुनाव अधिकारी ने आप के एक वोट को अवैध करार देकर रद्द कर दिया। इसके बाद भाजपा की उम्मीदवार सरबजीत कौर को मेयर घोषित कर दिया गया। आप ने इस पर उस समय भी आपत्ति दर्ज की थी लेकिन इसका लाभ नहीं हुआ। अब याचिका दाखिल कर आप के उम्मीदवारों ने चुनाव रद्द कर नए सिरे से मेयर, सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर पद के लिए दोबारा चुनाव करवाने की हाईकोर्ट से मांग की है।
नतीजों को चुनौती नहीं दी
गुरुवार को याचिका पर सुनवाई आरंभ होते ही चंडीगढ़ के सीनियर स्टैंडिंग काउंसिल अनिल मेहता ने इस याचिका पर कई सवाल उठा दिए। उन्होंने कहा कि मेयर चुनाव को चुनौती दी गई है, जबकि इसके नतीजों को चुनौती दी ही नहीं गई। समाचार पत्रों में प्रकाशित समाचारों के आधार पर यह याचिका दायर की गई है।
दूसरी तकनीकी आपत्ति यह बताई कि सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर के चुनाव को चुनौती दी गई है लेकिन याचिका में चयनित लोगों को पक्ष ही नहीं बनाया गया है। इस तरह इस याचिका में कई तकनीकी खामियां है। याचिका पर सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने कहा कि याची इस याचिका को वापस लेकर नए सिरे से दाखिल करें। इस पर याची ने कहा कि उसे याचिका में संशोधन के लिए कुछ समय दिया जाए। हाईकोर्ट ने इस पर सुनवाई चार फरवरी तक के लिए स्थगित कर दी।