साये की तरह साथ चलने वाला पपलप्रीत सिंह खलिस्तान समर्थक अमृतपाल सिंह का सबसे भरोसेमंद सहयोगी है। अमृतपाल के भागने और उसके हर कदम पर रहने और खाने-पीने का उसने ही जुगाड़ किया था। उसने कथित तौर पर अमृतपाल को कई मुद्दों पर सलाह दी थी।
18 मार्च से अमृतपाल सिंह के साथ उसका साया बनकर फरार चल रहे पपलप्रीत सिंह को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है और अब अमृतपाल सिंह अकेला पड़ गया है। पपलप्रीत सिंह को अमृतपाल का सबसे भरोसेमंद सहयोगी और संरक्षक माना जाता है। अमृतपाल सिंह के भागने और उसके हर कदम पर रहने व खाने-पीने का जुगाड़ किया। उन्होंने कथित तौर पर अमृतपाल को कई मुद्दों पर सलाह दी थी।
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पपलप्रीत सिंह कथित तौर पर पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई के संपर्क में था, जहां से वह पंजाब में खालिस्तान का हौवा खड़ा करने के निर्देश ले रहा था। 2015 में पुलिस ने उसे आईएसआई से संपर्क मिलने के बाद गिरफ्तार किया था। पपलप्रीत खुद को अमृतसर का पत्रकार बताता रहा जो कथित तौर पर एक वेबसाइट 'पंजाब शील्ड' चलाता है।
वेबसाइट एक खालिस्तानी प्रचार साइट है। मौजूदा समय में पपलप्रीत चार आपराधिक मामलों का सामना कर रहा है। पपलप्रीत को अपने खाते में जमा किए गए 4.48 लाख के स्रोत की व्याख्या करने के लिए आयकर विभाग ने नोटिस भी दिया गया था। पपलप्रीत सिंह को अमृतपाल का मेन हैंडलर बताया जा रहा है। वह अमृतपाल का मीडिया सलाहकार भी है।
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अमृतपाल के अलग-अलग जगहों से सीसीटीवी भी सामने आते रहे हैं, जिसमें साये की तरह पपलप्रीत उसके साथ रहा है। लेकिन जब तक पुलिस वहां पहुंचती, अमृतपाल व पपलप्रीत अपना ठिकाना बदल लेते थे। अमृतपाल सिंह कभी उसके साथ बाइक से भागता नजर आ रहा है, तो कभी जुगाड़ रेहड़े पर बैठा दिखता है।
अमृतपाल का साया बनकर साथ रहा पपलप्रीत
पुलिस ने जब अमृतपाल को होशियारपुर में पकड़ने की कोशिश की, तब भी पपलप्रीत उसके साथ था। कुरुक्षेत्र, दिल्ली, लखीमपुर, पंजाब के पटियाला, लुधियाना, होशियारपुर जहां पर भी अमृतपाल दिखाई दिया, पपलप्रीत उसका साया बनकर साथ रहा।
राजनीति के अलावा पुलिस के सारे दांव पेंच से बखूबी से वाकिफ पपलप्रीत
2017 में वह सिमरनजीत सिंह मान की पार्टी शिअद (अमृतसर) में शामिल हुआ था, लेकिन 9 महीने बाद ही उसने पार्टी छोड़ दी। इसलिए पपलप्रीत राजनीति के अलावा पुलिस के सारे दांव पेंच से बखूबी से वाकिफ था। शिअद (बादल) सरकार ने नवंबर 2015 में पपलप्रीत पर आईएसआई के साथ कथित संबंधों के मामले में देशद्रोह का मामला दर्ज किया था, लिहाजा कानून के हर पैंतरे से वह वाकिफ है।
कंप्यूटर साइंस में है पोस्ट ग्रेजुएट
2015 में कंप्यूटर साइंस में पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा और तीन साल का पॉलिटेक्निक डिप्लोमा करने वाले पपलप्रीत को पुलिस ने पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई से जोड़ने और देशद्रोह का मामला दर्ज करने के बाद गिरफ्तार कर लिया था। पपलप्रीत ने 2018-19 में अपने आयकर रिटर्न में जो बैंक खाते की जानकारी दी थी, वेरिफिकेशन के दौरान वे फर्जी पाए गए।
यू-ट्यूब से हर महीने लगभग 20 हजार रुपये की कमाई
दिसंबर 2022 में, आयकर विभाग ने पपलप्रीत को नोटिस भी जारी किया गया था, इसमें उसकी आय के स्रोत, चल और अचल संपत्तियों और बैंक खातों के बारे में जानकारी मांगी गई थी। इस नोटिस के जवाब में, पपलप्रीत ने बताया था कि वह यू-ट्यूब से हर महीने लगभग 20 हजार रुपये और अपने डेयरी व्यवसाय से 15 हजार रुपये कमाता है। हालांकि, आयकर विभाग उसके जवाब से असंतुष्ट था। आईटी द्वारा उससे दोबारा नोटिस देकर जवाब मांगा गया था।
पपलप्रीत की कई करीबी महिला दोस्त हैं। इसी महिला नेटवर्क का इस्तेमाल करते हुए दोनों कथित रूप से सबसे पहले पटियाला में रुके थे। वहां से निकलने के बाद पपलप्रीत ने हरियाणा में अपनी एक महिला दोस्त के पास पहुंचे। पुलिस के उच्चपदस्थ सूत्रों के मुताबिक, पपलप्रीत अमृतपाल को लेकर दिल्ली में भी अपनी एक महिला दोस्त के पास पहुंचा था। पुलिस ने पपलप्रीत सिंह की दो महिला दोस्त बलजीत कौर व बलवीर कौर को गिरफ्तार भी कर रखा है।