गर्दन पर लटकता मास्क, सैनिटाइजर गायब और सोशल डिस्टेंसिंग को तो भूल ही जाएं। यह है कोरोना के लिए जारी की गई गाइडलाइंस की जमीनी हकीकत। प्रशासन तो लगातार हिदायतें जारी कर रहा है पर लोग हैं कि आदेश का पालन ही नहीं कर रहे। नतीजा यह है कि एक समय तक 96 फीसदी तक पहुंच चुके कोरोना संक्रमण का रिकवरी एकदम से गिरकर पहले 91.7 फीसदी तक पहुंच गया था।
पंचकूला में कोरोना के मामलों में वृद्धि होने लगी है। यह आंकड़ा एकदम से नीचे पहुंचा था और रोजाना मिलने वाले कोरोना के मामले दहाई अंकों तक आ गए थे। वहीं, यदि दीपावली के बाद के कोरोना संक्रमण के मामलों को देखें तो फिर से यह मामले सैकड़ा तक पहुंच गए हैं।
मंगलवार को कोरोना के कुल 119 मामले पंचकूला में आए। हालांकि रिकवरी रेट को देखें तो यह 93 फीसदी तक पहुंच गया। पंचकूला में 10 नवंबर से लेकर 14 नवंबर तक कोरोना के मामले गिरते गए लेकिन 14 नवंबर के बाद संक्रमण के मामले धीरे-धीरे बढ़ने लगे। इतना ही नहीं, कोरोना का रिकवरी रेट भी गिरने लगा।