एसएमई के लिए अब स्टाक एक्सचेंज में लिस्टिंग सबसे आवश्यक है। यह दो प्रकार से एसएमई की मदद करेगा। पहला तो यह कि एसएमई को मिलेगी ब्रांडिंग और दूसरा फायदा होगा कि उनके बिजनेस के लिए फंडिंग होगी।
यह कहना है बीएसई स्टाक एक्सचेंज के एसएमई हेड अजय ठाकुर का। वह सीआईआई में वह कंफेडरेशन ऑफ इंडियन इंडस्ट्री के नॉर्दर्न रीजन हेडक्वार्टर मे एमएसएमई फंडिंग विकल्प और चैलेजिंग विषय पर चरचा कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि रीजन की माइक्रो, स्माल और मीडियम इंटरप्राइजेज को वेल्थ क्रिएशन माडल से वैल्यू क्रिएशन माडल की ओर शिफ्ट करना चाहिए। पंजाब, हरियाणा, हिमाचल और चंडीगढ़ के एसएमई के लिए यह आवश्यक है।
इसी के माध्यम से एमएसएमई को स्टाक मार्केट में एंट्री मिल सकेगी और वह अपने फंड को बढ़ा सकेंगे। इस मौके पर सीआईआई नॉर्दर्न रीजन के को-चेयरमैन कैप्टन आलोक शर्मा ने कहा कि सीआईआई की एमएसएमई कमेटी ने सरकार को एमएसएमई एक्ट में कई संशोधन करने के प्रस्ताव दिए है।
सीआईआई चंडीगढ़ काउंसिल के चेयरमैन दर्पण कपूर ने कहा कि एमएसएमई को अपने बिजनेस को चलाने के लिए ज्यादा फंड मिले तो बेहतर होगा।