कर्मचारियों के सेवानिवृत्ति की आयु सीमा के बारे में शनिवार को नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान ने हरियाणा सरकार को मुश्किल में डाल दिया है।
भाजपा ने हरियाणा में सरकार बनने के तुरंत बाद फैसला लेते हुए रिटायरमेंट की उम्र 60 से घटाकर 58 साल कर दी थी। लेकिन प्रधानमंत्री मोदी ने दिल्ली के रामलीला मैदान में मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर की मौजूदगी में कहा कि सरकारी कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति की उम्र 60 से घटाकर 58 साल किए जाने की केंद्र की कोई योजना नहीं है।
मोदी के इस भाषण ने हरियाणा में फिर से रिटायरमेंट की उम्र सीमा घटाने के फैसले को सुर्खियों में ला दिया है। सरकारी कर्मचारियों में प्रदेश सरकार के प्रति फिर से रोष उभर आया है। कर्मचारी हुडा सरकार के फैसले को पलटने से पहले ही नाराज चल रहे थे।
मोदी के बयान के बाद अब कांग्रेस और कई कर्मचारी संगठनों का कहना है कि इससे स्पष्ट हो गया है कि भाजपा सरकार दोहरी नीति अपना रही है। खास बात यह भी है कि इस समय पड़ोसी राज्य पंजाब में भी सेवानिवृत्ति की आयु सीमा 60 साल ही है।