चंडीगढ़। जीएमसीएच-32 के सुरक्षा कर्मचारी बड़ी उलझन में हैं। उनका कहना है कि ड्यूटी के दौरान फोन का इस्तेमाल करने पर स्वास्थ्य सचिव सजा सुनाते हैं और अगर फोन बंद किया तो ठेकेदार परेशान करता है। इस परेशानी से बचने के लिए उन्होंने सोमवार को चिकित्सा अधीक्षक को पत्र लिखकर पूछा है कि फोन का इस्तेमाल करें या नहीं। कर्मचारियों ने ठेकेदार पर शोषण का आरोप लगाया है।
जीएमसीएच-32 ज्वॉइंट एक्शन कमेटी के प्रधान सुखबीर सिंह ने बताया कि जीएमसीएच-32 से संबंध एमएचआई में तैनात 22 सुरक्षा कर्मचारी बहुत परेशान हैं। वहां की ठेका कंपनी ने आदेश जारी किया है कि ड्यूटी के दौरान फोन बंद नहीं होना चाहिए। कर्मचारियों को ठेकेदार द्वारा बनाए गए व्हाट्सएप ग्रुप में उपस्थिति के लिए सेल्फी खींचकर भेजनी होगी। ड्यूटी शुरू होते ही अपने फोन की लाइव लोकेशन ऑन कर ग्रुप में शेयर करनी होगी। इस दौरान अगर किसी भी कारण से लाइव लोकेशन बंद हुआ तो उस कर्मचारी को गैरहाजिर मान लिया जाएगा। ऐसे में जिन कर्मचारियों के पास स्मार्ट फोन नहीं हैं, वे आर्थिक दिक्कत का सामना कर रहे हैं। वहीं, कुछ को स्मार्ट फोन चलाना न आने के कारण परेशानी हो रही है।