मेयर ने प्रदर्शनकारियों को भरोसा दिलाया कि उन्हें अभी कूड़ा संग्रहण शुल्क का भुगतान करने की आवश्यकता नहीं है। पानी के बिल का मुद्दा भी सदन की बैठक के दौरान 29 नवंबर को सुलझाया लिया जाएगा। इसके बाद लोग शांत हुए। स्थानीय निवासी करुणा, संतोष, प्रीतपाल, भजन सिंह ने बताया कि इस बार पानी के बिल के साथ गारबेज शुल्क के नाम पर मोटी रकम वसूली जा रही है।
पहले ही आम आदमी महंगाई की मार झेल रहा है। ऐसे में लोगों पर अतिरिक्त मार पड़ रही है। हालांकि लोगों का यह भी कहना था कि अगर उनके बिलों का मामला नहीं सुलझा तो दोबारा मेयर के घर का घेराव करेंगे। प्रदर्शन में कांग्रेस नेता सुरिंदर सिंह, जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुरजीत सिंह ढिल्लों, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष संजीव गाबा और मतलूब खान, संजय भजनी, रईस अहमद, फतेह सिंह सोनी, शमीम अहमद, शमसुद्दीन, राजेश अग्रवाल, शोभा शर्मा, गायत्री देवी, किशोरी लाल, शिव राणा, भारत भूषण गोयल, मोहसिन सलमानी, गंगा बिशन गुप्ता आदि शामिल रहे।
बंसल बोले- कांग्रेस मनीमाजरा के लोगों के साथ
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के कोषाध्यक्ष पवन कुमार बंसल ने बयान जारी कर कहा कि भाजपा के इशारे पर चंडीगढ़ नगर निगम द्वारा मनमानी की जा रही है। मनीमाजरा निवासियों की इस लड़ाई में वह उनके साथ हैं। बंसल ने निगम के अधिकारियों से पानी के बिल का भुगतान तब तक स्थगित करने का आग्रह किया है जब तक 29 नवंबर की सदन की बैठक में यह मामला सुलझा नहीं लिया जाता। उधर, चंडीगढ़ कांग्रेस के अध्यक्ष एचएस लक्की ने भी मनीमाजरा के लोगों को कांग्रेस पार्टी के समर्थन का वादा करते हुए कहा है कि अगर नगर निगम ने जल्दी ही मनीमाजरा निवासियों की मांगे नहीं मानीं तो चंडीगढ़ कांग्रेस निगम एवं उसके अधिकारियों के खिलाफ प्रदर्शन को और तेज करने पर मजबूर हो जाएगी।
यह गलती एमओएच विंग के अधिकारियों की है जिन्होंने एक साथ नौ महीने का गारबेज शुल्क लोगों को भेज दिया। एमओएच के हेल्थ सुपरवाइजर गुरमीत सिंह राणा को शोकॉज नोटिस जारी कर दिया गया है। वहीं चीफ इंस्पेक्टर दर्शन को चार्जशीट किया गया है। इन्हीं के कारण लोगों को परेशानी हुई है क्योंकि उन्होंने हमें भी यह नहीं बताया कि इन इलाकों में कूड़ा उठाने वाली गाड़ियां जनवरी से भेजी जा रही है। वहीं इसके साथ इस मामले का हल अगली सदन की मीटिंग निकाला जाएगा। सबरजीत कौर, मेयर।