मलोट में भाजपा विधायक पर हमला होना पूरी विधानसभा पर हमले के समान है। इससे पहले उन पर भी हमला हो चुका है। इन हमलों के पीछे सीधे तौर पर कांग्रेस सरकार की मिलीभगत है। कैप्टन अमरिंदर सिंह इन हमलों की निंदा तो जरूर करते हैं लेकिन अंत में दो लाइन बोल हमला करने वालों के सीधे तौर पर बढ़ावा देते हैं। ये कहना है भाजपा प्रदेश प्रधान अश्वनी शर्मा का। वे मंगलवार को लुधियाना में प्रदेश भाजपा कार्यकारिणी की बैठक में पहुंचे थे।
अश्वनी शर्मा ने कहा कि लोकतंत्र में हर किसी को विरोध करने का हक है लेकिन किसी के कार्यक्रम में जाकर खलल डालने का अधिकार किसी को नहीं दिया गया है। इन हमलों के पीछे गुंडातत्व हैं, जो पंजाब के माहौल को खराब करना चाहता है। इन्हें संरक्षण प्राप्त है। हमला रोकने में पंजाब की कैप्टन सरकार पूरी तरह से फेल हो चुकी है। मॉब लिंचिंग का मुद्दा उठाने वाले अब मलोट प्रकरण के बाद क्यों चुप बैठे हैं। इस मुद्दे पर भाजपा ने राज्यपाल को ज्ञापन देकर प्रदेश सरकार को बर्खास्त करने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि भाजपा हमलों से डरने वाली नहीं है। भाजपा कार्यकर्ता एक सिपाही की तरह अपना काम करते रहेंगे।