सूबे में कर्ज के साथ ही कर्ज के ब्याज की किस्त में भी इजाफा हुआ है। 2015-16 में पंजाब पर 128835 हजार करोड़ रुपये कर्ज था, जब राज्य इस कर्ज की अदायगी के लिए 9782 करोड़ रुपये की किस्त की अदायगी करता था। सात साल के आंकड़ों की यदि हम बात करें तो अब यह किस्त बढ़कर 20316 रुपये तक पहुंच गई है, यानि 10534 करोड़ रुपये की किस्त में वृद्धि हुई है।
- वित्त वर्ष कर्ज का बोझ दिया
- 2015-16 128835 9782
- 2016-17 182526 11642
- 2017-18 195152 15334
- 2018-19 211917 16306
- 2019-20 228906 17625
- 2020-21 252880 18589
- 2021-22 273703 20316
नोट: पंजाब में कर्ज और ब्याज की दर करोड़ रुपये में दी गई है।