राहुल अपने माता-पिता का इकलौता पुत्र था। जांच के दौरान पुलिस ने मामले में आरोपी विशाल, अमरदीप, मोहित, सतीश व नवीन को गिरफ्तार किया था। उनसे वारदात में प्रयुक्त तमंचा व गाड़ी बरामद कर ली थी। पुलिस जांच में सामने आया था कि विशाल के परिवार की महिला राहुल की बोलचाल हो गई थी। विशाल उसे मना करता था। जिसकी रंजिश में उसने साथियों संग वारदात को अंजाम दिया था।
मामले में सुनवाई के दौरान आरोपी विशाल और नवीन को भगोड़ा घोषित किया गया है। सुनवाई के बाद एएसजे अजय पराशर की अदालत ने आरोपी दिल्ली के रोहिणी सेक्टर-17 निवासी मोहित उर्फ देवा को दोषी करार दिया है। अदालत ने दोषी को भादंसं की धारा 302 में उम्रकैद व पांच हजार रुपये जुर्माना तथा अवैध शस्त्र अधिनियम में तीन साल कैद व दो हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
दोषी मोहित मुख्य आरोपी विशाल का दोस्त है। अदालत ने मामले में आरोपी विशाल और नवीन को भगौड़ा घोषित कर रखा है। वहीं अमरदीप व सतीश को बरी कर दिया गया।