गर्मी का मौसम आते ही आमतौर पर लोग घर में आए मेहमानों को नींबू पानी पिलाना ही उचित मानते हैं। नींबू पानी पीने से गर्मी से राहत तो मिलती है लेकिन इस बार लोगों को घर आए मेहमानों को नींबू पानी पिलाना काफी मंहगा पड़ रहा है। इसका कारण यह है कि नींबू ने तिहरा शतक लगा दिया है।
नींबू का खुदरा मूल्य 300 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गया है। नींबू व्यापारियों के अनुसार नींबू की महंगाई की मार ज्यादा नहीं पड़ने वाली है। जल्द ही नींबू के भाव नीचे आ जाएंगे। सब्जी व्यापारियों का कहना है कि जल्द ही कर्नाटक से नींबू आना शुरू हो जाएगा। इसके बाद रेट कम होने शुरू हो जाएंगे।
मंडी और खुदरा बाजार के दामों में भारी अंतर
खुदरा बिकने वाला नींबू 300 रुपये प्रति किलो है। मगर मंडी भाव इससे कम है। जालंधर की मकसूदां सब्जी मंडी और पटेल चौक स्थित सब्जी मंडी के दाम में ही आपको प्रति किलो 30 से 40 रुपये का अंतर दिख जाएगा। पटेल चौक की सब्जी मंडी में नींबू 180 से 190 रुपये किलो मिल रहा है लेकिन मकसूदां स्थित थोक सब्जी मंडी के खुदरा दुकानदार नींबू 200 से 220 रुपये प्रति किलो बेच रहे हैं।
फेरी लगाकर नींबू बेचने वाले दुकानदारों के भाव अलग हैं। गोपाल नगर में यह नींबू 240 रुपये, सेठ हुक्मचंद कालोनी में 270 रुपये और मॉडल टाउन समेत पॉश कालोनियों में यह ही नींबू 300 रुपये प्रति किलो में बिक रहा है।
सब्जी मंडी में थोक व्यापारी जानू अरोड़ा का कहना है कि नीबू के दाम होलसेल में 170 से 180 रुपये किलो हैं, जबकि गल्ली मोहल्लों में नींबू बेचने वालों ने बेवजह रेट 300 रुपये कर दिया है। दूसरा पंजाब में अभी तक ज्यादातर सब्जियां दूसरे राज्यों से आ रही हैं। दूसरे राज्यों से सब्जी आने व ऊपर से डीजल के दामों में हो रही बढ़ोतरी के कारण मालभाड़ा बढ़ गया है। उम्मीद है कि इस माह में पंजाब की सब्जियां मंडियों में आना शुरू हो जाएंगी। इसके बाद नींबू व अन्य सब्जियों के दामों में गिरावट आएगी।