मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने प्रशासन में भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त तेवर दिखाते हुए हिदायतें दी और कहा कि अफसरशाही अपने वेतन से काम चलाने की आदत डाल लें। अतिरिक्त खर्चों में कटौती करें।
मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने अफसरशाही को यह स्पष्ट कर दिया है कि वह जनहित की योजनाओं का और विकास का पूरा धन जनता के बीच तक पहुंचाया जाए। उन्होंने यह संदेश दिया कि भ्रष्ट अधिकारी अब बख्शे नहीं जाएंगे और सरकार भ्रष्टाचार को खत्म करने के लिए पूरा प्रयास करेगी।
मुख्यमंत्री बनने के बाद वे पहली बार रविवार को अपने गृह जिले रोहतक में जिला विकास भवन में अधिकारियों की बैठक ले रहे थे। इससे पहले उन्होंने कैनाल रेस्ट हाउस में सुबह 8 बजे से 9 बजे तक घंटे भर जनता की समस्याएं सुनी और कई लोगों से मिले।
मुख्यमंत्री खट्टर ने कहा, अधिकारी आम जनता को स्वच्छ एवं पारदर्शी प्रशासन देने के लिए प्रभावी प्रयास करें। शासक और शासित के बीच की दूरियों को समाप्त करने की बात कहते हुए अधिकारियों को चेताया कि अब जनता का काम करना होगा।
प्रत्येक जिला स्तर पर सीएम विंडो
प्रशासनिक अधिकारियों को इस भावना को समझना होगा कि सरकार किस प्रकार की उमीदें अधिकारियों से कर रही है। सरकार ऐसी प्रशासनिक व्यवस्था स्थापित करना चाहती है, जिससे जनता को संतुष्ट किया जा सके।
अधिकारियों को जनता के ट्रस्टी बताते हुए हुए उन्होंने कहा, प्रशासनिक अधिकारियों के पास विवेकाधीन शक्तियां हैं, जिनका प्रयोग प्रशासनिक व्यवस्था को बेहतर बनाने और जनहित के कार्यों में किया जाना चाहिए।
जिला स्तर पर बनेंगी सीएम विंडो: मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा कि सरकार जनता की सुविधा केलिए तेजी से कार्य कर रही है। स्थानीय स्तर पर ही लोगों के कार्य करवाने के लिए प्रत्येक जिला स्तर पर सीएम विंडो स्थापित करने का निर्णय लिया है। सरकार की मंशा यह है कि लोगों का समय व पैसा बर्बाद न हो और उन्हें अपने कार्यों के लिए बार-बार चंडीगढ़ न जाना पड़े। उन्होंने कहा कि जिला सचिवालय स्तर पर सीएम विंडो के खुल जाने से वे सभी कार्य स्थानीय स्तर पर ही करा लिए जाएंगे, जिन्हें करवाने के लिए लोगों को चंडीगढ़ जाना पड़ता है।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि जन-कल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के सबसे जरूरतमंद व्यक्ति को सबसे पहले मिलना चाहिए। मूलभूत जरूरतों को पूरा करना राज्य सरकार की प्राथमिकता है और अधिकारियों को सरकार की इस भावना को ध्यान में रखकर कार्य करना होगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार जनहित के सभी सुझावों का स्वागत करेगी।
राजीव के बहाने साधा कांग्रेस पर निशाना
मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने भ्रष्टाचार को लेकर कांग्रेस पर निशाना भी साधा। यह निशाना उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के उस बयान को लेकर दिया, जिसमें उन्होंने कहा था, जन कल्याण के लिए एक रुपया जारी होता है, लेकिन लाभार्थियों को 15 पैसे मिल पाते हैं।
उन्होंने कहा कि यदि उस समय ही भ्रष्टाचार को एक चुनौती के रूप में स्वीकार कर रोकने केप् रयास किए जाते तो काफी पहले ही इस पर अंकुश लगाया जा सकता था। उन्होंने कहा कि जिस भूमि पर खारा पानी है, उसे भी उपजाऊ बनाने के लिए मेहनत करनी होगी, जिससे किसानों को फायदा पहुंचाया जा सके।
भाजपा कार्यालय में तीन लोगों से की मुलाकात: मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर भाजपा कार्यालय पहुंचे। यहां भाजपा के वरिष्ठï नेता डा. मंगलसेन की मूर्ति पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया। कार्यालय में जमा भाजपाइयों का अभिवादन किया। कहा अच्छे दिन आ चुके हैं। अब आप सभी समस्या और सुझाव दीजिए।
सरकार हर सुझाव पर विचार करेगी। प्रदेश के विकास के लिए प्रदेश और देश दोनों से पर्याप्त धन मिलेगा। इसके आरएसएस कार्यालय में प्रांत प्रचारक सुधीर, प्रांत प्रचारक प्रमुख काश्मीरी लाल, अनिल कुमार, प्रांत प्रचार प्रमुख अनिल कुमार और कार्यालय प्रभारी बलदेव से मुलाकात की। खट्टर ने शहर में भारत निर्माण राजीव गांधी सेवा केंद्र व पंडित नेकीराम कॉलेज में एडमिनिस्ट्रेटिव कम टीचिंग ब्लॉक का शुभारंभ भी किया।