पंजाब के पूर्व और मौजूदा सांसदों/विधायकों (माननीयों) के खिलाफ दर्ज 48 मामलों में जांच अभी जारी है और इनके खिलाफ 89 केस अलग-अलग अदालतों में लंबित हैं। पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने सख्ती दिखाते हुए कहा कि आरोपी कोर्ट में मौजूद रहे यह सुनिश्चित करने के लिए जांच एजेंसी ट्रायल कोर्ट से सख्ती के लिए क्यों नहीं कहती है।
हाईकोर्ट के आदेश पर पंजाब सरकार ने जिलेवार यह जानकारी दी है। कोर्ट को बताया गया कि किस जिले में किस-किस पूर्व और मौजूदा सांसद/विधायक के खिलाफ किस धारा में और कब केस दर्ज किया गया। इसके साथ ही इन मामलों की मौजूदा स्थिति के बारे में भी जानकारी दी गई। जिन 48 मामलों की जानकारी दी है उनमें से 20 मौजूदा सांसद और विधायक हैं, बाकी पूर्व सांसद और विधायक हैं।
इनमे सबसे ज्यादा चार मामले, जिनमे जांच अभी जारी है वह पूर्व विधायक सिमरजीत बैंस के खिलाफ दर्ज हैं। इस सूची में अब मौजूदा आम आदमी पार्टी के विधायकों के खिलाफ दर्ज मामले भी शामिल किए गए हैं, जो अभी हाल ही में विधायक बने हैं। इनके अलावा 89 ऐसे केसों की भी जानकारी दी गई है, जिनमे जांच पूरी होने के बाद ट्रायल अदालतों में चल रहा है। कोर्ट ने कहा कि इस हलफनामे में ट्रायल की स्थिति का जिक्र नहीं है। ऐसे में चार सप्ताह के भीतर हलफनामा दाखिल कर बताया जाए कि हर मामले में ट्रायल कोर्ट में स्थिति क्या है।
इन मौजूदा सांसदों/विधायकों के खिलाफ दर्ज मामलों की जांच जारी
पंजाब सरकार ने हाईकोर्ट में जिन पूर्व और मौजूदा सांसदों/विधायकों की सूची सौंपी है, उनमें विधायक शीतल अंगुराल, मनविंदर सिंह, अमनशेर सिंह शेरी कलसी, लाल सिंह काटरू चक्क, हरमीत सिंह पठान माजरा, चेतन सिंह जौड़ामाजरा, गुरदेव सिंह देव मान, नीना मित्तल, विजय सिंगला, फौजा सिंह सरारी, अमृतपाल सिंह, कुलतार सिंह संधवां, गुरप्रीत सिंह बनावली, अनिल जोशी, बिक्रम सिंह मजीठिया, सिमरजीत बैंस, फतेहजंग बाजवा, सुच्चा सिंह छोटेपुर, विरसा सिंह वल्टोहा, सुखपाल सिंह भुल्लर, हरिंदर पाल सिंह चंदूमाजरा, बलविंदर सिंह बैंस, दलबीर सिंह गोल्डी, परमिंदर सिंह ढींडसा, विजय इंदर सिंगला, सुखपाल सिंह नन्नू, गुरमीत सिंह सोढ़ी, परमिंदर सिंह पिंकी, राणा गुरमीत सिंह सोढ़ी, जोगिंदर पाल जिंदु, मनतार सिंह बराड़, सिकंदर सिंह मलूका, जीत मोहिंदर सिंह सिद्धू, नुसरत इकराम खान, इकबाल सिंह झुन्डा का नाम शामिल है।