रेलवे बोर्ड ने एक पत्र जारी कर रेलवे में 50 फीसदी पोस्ट खत्म करने की बात कही है। इस आदेश के बाद रेलकर्मियों के चेहरों पर उदासी है। रेल डिवीजन फिरोजपुर में पहले से ही सेफ्टी स्टाफ में भारी कमी है। उधर, यूनियन नेताओं का कहना है कि ऐसा हुआ तो कार्य करना मुश्किल हो जाएगा। रेलवे की एक यूनियन ने फिरोजपुर डिवीजन में सेफ्टी स्टाफ की खाली पड़ी पदों के बारे में डीआरएम को अवगत करवाया है।
सूत्रों के मुताबिक रेलवे बोर्ड की डायरेक्टर (एमपीपी) रेनू यादव की ओर से एक पत्र जारी किया है, इसमें रेलवे में 50 फीसदी पोस्ट खत्म करने की बात कही है। इस आदेश के बाद रेलवे की यूनियनों ने विरोध किया है, उन्होंने कहा कि पोस्ट पहले ही बहुत कम हैं, जिस कारण कामकाज प्रभावित हो रहा है।
सेफ्टी स्टाफ में पोस्ट खाली पड़ी हैं, जिन्हें भरा नहीं गया है। एनआरएमयू ने फिरोजपुर डिवीजन में सेफ्टी स्टाफ की खाली पड़ी पोस्ट संबंधी डीआरएम फिरोजपुर को पत्र लिखकर अवगत करवाया है। फिरोजपुर डिवीजन में ट्रैकमैन की 5956 पोस्ट हैं, इनमें से 3927 कर्मचारी कार्य कर रहे हैं और 2029 पद खाली पड़े हैं। इसी तरह लाइनमैन की 966 पोस्ट हैं, 732 पद भरे हैं और 234 पोस्ट खाली हैं।
गेटमैन की 346 पोस्ट हैं, 217 पद भरे हैं और 129 पद रिक्त पड़े हैं। शांटिंग स्टाफ के 97 पद हैं, 14 भरे हैं और 83 पोस्ट खाली पड़ी हैं। स्टेशन मास्टरों की 735 पोस्ट हैं, 610 पदों पर स्टेशन मास्टर तैनात हैं जबकि 125 पद खाली पड़े हैं। इसमें रेलवे कमाई की बात करती है उस मालगाड़ी के गार्डों की 328 पद हैं, इनमें 65 गार्ड कार्य कर रहे हैं जबकि 263 पोस्ट रिक्त पड़ी हैं। एसएनटी स्टाफ में 1125 पोस्ट हैं, 830 भरी हैं और 295 खाली पड़ी हैं। इसके अलावा सीएनडब्ल्यू की 2217 पोस्ट हैं, 1710 पद भरे हैं और 507 पोस्ट खाली हैं।
बता दें कि कई मानव सहित रेलवे क्रासिंग गेटों पर पुल बनने के कारण गेटमैनों की पोस्ट खत्म की जा रही हैं। उधर, एनआरएमयू के डिवीजनल सचिव शिव दत्त का कहना है कि रेलवे बोर्ड ने पोस्ट खत्म करने संबंधी पत्र जारी किया था लेकिन उनकी यूनियन के हस्तक्षेप के बाद अभी पोस्ट खत्म करनी शुरू नहीं की हैं। अगर 50 फीसदी पोस्ट खत्म कर दी गईं तो रेलवे को चलाना मुश्किल हो जाएगा। पहले ही सेफ्टी स्टाफ में कर्मियों की भारी कमी है।