नाभा जेल में हुई थी बिट्टू की हत्या
उल्लेखनीय है कि आईजी कुंवर विजय प्रताप सिंह की अगुवाई में एसआईटी ने बीती 27 मई 2019 को कोटकपूरा गोलीकांड मामले में फरीदकोट अदालत में चार्जशीट दाखिल कर दी थी, जिसमें यह उल्लेख किया गया था कि रोहतक जेल अधिकारियों के असहयोग के कारण उनकी टीम 2 अप्रैल 2019 को गुरमीत राम रहीम से पूछताछ नहीं कर सकी थी।
चार्जशीट में यह भी जानकारी दी गई थी कि रोहतक के डिप्टी कमिश्नर, जेल अधीक्षक समेत अन्य उच्च जेल अधिकारियों ने जानबूझकर कर डेरा प्रमुख से जांच करने संबंधी फरीदकोट अदालत की ओर से दिए आदेश की अवहेलना की गई थी।
जेल मंत्री बोले-हत्या से एसआईटी जांच होगी प्रभावित
नाभा जेल में डेरा प्रेमी महिंदर पाल सिंह बिट्टू की हत्या के बाद कई गैंगस्टरों द्वारा जिम्मेदारी लेने पर पंजाब के सहकारिता और जेल विभाग मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा का कहना है कि कुछ लोग क्रेडिट लेने के चक्कर में है।
ऐसे लोगों को यह नहीं पता है कि इस कत्ल के साथ बेअदबी मामलों की तह तक पहुंचने के लिए जरूरी सबूत खत्म हो गए हो। बेअदबी मामले में बिट्टू मुख्य आरोपी था। उसकी हत्या से एसआईटी की जांच प्रभावित होगी।
रंधावा सोमवार को पंजाबी भवन में पंजाबी साहित्य अकादमी द्वारा मास्टर तारा सिंह के जन्म दिवस पर आयोजित राज्य स्तरीय समारोह में शिरकत करने पहुंचे थे। रंधावा ने कहा कि तीन केंद्रीय जेल की सुरक्षा जल्द ही सीआरपीएफ को दी जा रही है। इस संबंध में केंद्रीय गृह मंत्रालय से मंजूरी मिल चुकी है।
दो दिन पहले कैप्टन अमरिंदर सिंह ने उनके विभाग को 24 करोड़ की ग्रांट जारी की है। इसे जेलों के सुरक्षा तंत्र को मजबूत करने पर खर्च किया जाएगा। जेलों की सुरक्षा के लिए नई भर्ती की जाएगी। वही सुरक्षा में तैनात कर्मचारियों को आधुनिक हथियार मुहैया करवाए जाएंगे। उन्होंने मास्टर तारा सिंह की रचनाओं को किताबी रूप देने के लिए 5 लाख रुपये जारी किए। वही मास्टर तारा सिंह की प्रतिमा श्री गुरुनानक देव यूनिवर्सिटी में लगाने का एलान किया।