विवादों के चलते लंबे समय से रुकी आर्ट एंड क्राफ्ट शिक्षकों की भर्ती एक बार फिर से लटक गई है। इस बार अयोग्य आवेदकों को नियुक्ति देने का आरोप लगाते हुए भर्ती रद्द करने की मांग की गई है। याचिका पर हाईकोर्ट ने हरियाणा सरकार को नोटिस जारी कर जवाब तलब कर लिया है।
सिरसा निवासी सतनाम सिंह ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल करते हुए बताया कि हरियाणा सरकार ने आर्ट एंड क्राफ्ट शिक्षकों के 816 रिक्त पदों के लिए आवेदन मांगे थे। इस विज्ञापन के बाद 613 शिक्षकों का चयन किया गया था। इस चयन को हाईकोर्ट में चुनौती दी गई थी क्योंकि सभी चयनित शिक्षकों ने कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी से डिप्लोमा किया था।
मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा तो सुप्रीम कोर्ट ने कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी के डिप्लोमा को अमान्य करार दे दिया। इसके चलते चयनित 613 शिक्षक भर्ती से बाहर हो गए थे। याची ने बताया कि हरियाणा सरकार ने इसके बाद संशोधित परिणाम जारी किया और आईटीआई से आर्ट एंड क्राफ्ट का कोर्स करने वाले 154 आवेदकों को नियुक्ति दे दी।
याची ने बताया कि जिन लोगों को नियुक्ति दी गई है उन्होंने आईटीआई से आर्ट एंड क्राफ्ट में वोकेशनल सर्टिफिकेट कोर्स किया है। इस पद के लिए दो साल का डिप्लोमा अनिवार्य शर्त है और चयनित आवेदक इस शर्त को पूरा नहीं करते हैं। याची ने हाईकोर्ट से अपील की है कि इस भर्ती को रद्द करने का आदेश जारी किया जाए। हाईकोर्ट ने याची पक्ष को सुनने के बाद याचिका पर हरियाणा सरकार व शिक्षा विभाग को नोटिस जारी कर जवाब तलब कर लिया है।