विधानसभा पहुंचे कांग्रेस विधायक प्रताप सिंह बाजवा व सुखपाल सिंह खैरा।
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16वीं पंजाब विधानसभा सत्र गुरुवार से शुरू हो गया है। सत्र के पहले दिन कांग्रेस के सभी 18 सदस्यों ने विधायक के रूप में शपथ ग्रहण की। पार्टी ने अब तक अपने विधायक दल का नेता नहीं चुना है। इस संबंध में विधायक सुखजिंदर सिंह रंधावा ने कहा कि विधायक दल के नेता का फैसला पार्टी हाईकमान करेगा। इसके लिए पार्टी नेताओं ने सभी अधिकार हाईकमान को सौंपे हैं।
आम आदमी पार्टी के सत्ता संभालने और लोगों को दी गई गारंटियों के बारे में पूछे गए सवाल पर सुखजिंदर सिंह रंधावा ने कहा कि अरविंद केजरीवाल और भगवंत मान शुरू से ही मुफ्त बिजली-पानी की गारंटी, भ्रष्टाचार पर लगाम कसने की गारंटी, रोजगार की गारंटी देते रहे हैं लेकिन अब देखना है कि वह जो गारंटी दे चुके हैं, उन्हें कहां तक पूरी करेंगे।
आज तो विधानसभा सत्र का पहला दिन हैं, अभी आप सरकार के पास पूरा कार्यकाल पड़ा है। इस संबंध में कांग्रेस विधायक तृप्त राजिंदर सिंह बाजवा ने पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा कि हम एक ही बात कहते हैं कि किसान, व्यापारी, युवाओं और कर्मचारियों से आम आदमी पार्टी ने जो वादे किए हैं, उन्हें पूरा करे।
चुनाव में कांग्रेस के खराब प्रदर्शन के बारे में पूछे गए सवाल पर बाजवा ने कहा कि आपसी तालमेल न होना सबसे बड़ी कमी रही। पंजाब प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सिद्धू सबसे बड़ा कारण रहे। जब हमने कैप्टन को हटाने में उनका साथ दिया तो हमें लगा था कि पार्टी को नई दिशा मिलेगी लेकिन सिद्धू ने विपक्षी नेता की तरह काम किया। उन्होंने सरकार के हर फैसले का विरोध किया, जो पार्टी के लिए नुकसान देह साबित हुआ।
प्रभावी विपक्ष के रूप में लोगों के मुद्दे उठाएंगे: प्रताप बाजवा
पंजाब कांग्रेस के पूर्व प्रधान और मौजूदा विधायक प्रताप सिंह बाजवा ने पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा कि पार्टी को लोगों का फतवा स्वीकार है। लोगों ने बदलाव लाना चाहा है और लोगों के फैसले को वह सिर झुकाकर स्वीकार करते हैं फिर भी एक प्रभावी विपक्ष के रूप में कांग्रेस विधानसभा में लोगों के मुद्दों को उठाएगी। उन्होंने कहा कि सौ फीसदी लोगों ने आम आदमी पार्टी को वोट नहीं दिया है लेकिन कांग्रेस सदस्य पूरे पंजाब के लोगों की आवाज बनकर उनके मामलों के हल के लिए सरकार से सवाल करते रहेंगे।