हरियाणा खेलकूद विश्वविद्यालय में अब कुलाध्यक्ष भी होंगे। प्रदेश सरकार ने राज्यपाल को कुलाध्यक्ष बनाने का प्रावधान हरियाणा खेलकूद विश्वविद्यालय विधेयक, 2021 में किया है। सरकार ने पूर्व में लाए विधेयक में राज्यपाल के बजाय प्रख्यात क्रिकेटर कपिल देव को विश्वविद्यालय का कुलाधिपति नियुक्त किया था।
राज्यपाल को नजरअंदाज कर की गई कपिल देव की नियुक्ति विवादों में घिर गई थी। प्रदेश में स्थापित विश्वविद्यालयों के कुलाधिपति राज्यपाल ही होते हैं, जबकि सरकार ने खेल विश्वविद्यालय के मामले में ऐसा नहीं किया था। इसके अलावा नियुक्तियों के लिए बनाई चयन समिति में यूजीसी (विश्व विद्यालय अनुदान आयोग) के चेयरमैन का कोई प्रतिनिधि शामिल नहीं किया गया।
हरियाणा विधानसभा में यह विधेयक पारित कर राज्यपाल के जरिए केंद्र सरकार को भेजा गया तो आपत्ति लग गई। केंद्र ने प्रदेश सरकार को यह विधेयक वापस लौटा दिया। इसे सरकार ने चालू बजट सत्र में वापस लिया और बुधवार को सदन पटल पर दोबारा से चर्चा के लिए रखा। गुरुवार को इस पर चर्चा होगी। चर्चा के बाद इसे पारित किया जाएगा। विधेयक में यह प्रावधान किया गया है कि कुलाधिपति के पद पर खिलाड़ी की ही नियुक्ति होगी। विश्वविद्यालय अपने दूरवर्ती कैंपस, कॉलेज, क्षेत्रीय अध्ययन केंद्र स्थापित कर सकेगा। मौजूद होने पर कुलाध्यक्ष ही दीक्षांत समारोह और अन्य बैठकों की अध्यक्षता करेंगे।
हरियाणा के खेल मंत्री संदीप सिंह ने कहा कि युवा क्लबों को खेल उपकरण मुहैया करवाए जाएंगे। सरकार के पास प्रस्ताव विचाराधीन है। क्लबों की पंजीकरण फीस को भी कम करने के बारे में जल्दी निर्णय लिया जाएगा। वह विधानसभा में बुधवार को सवाल का जवाब दे रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रदेश के विभिन्न गांवों में 4977 युवा क्लब गठित किए गए हैं।
फुटकर विक्रेताओं के नाम से जाने जाएंगे मासाखोर
कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री जेपी दलाल ने कहा कि प्रदेश की सब्जी मंडियों में कार्य करने वाले मासाखोरों को भविष्य में फुटकर सब्जी विक्रेता के नाम से जाना जाएगा। उनके संज्ञान में आया है कि सब्जी मंडियों में कार्य करने वाले को मासाखोर नाम से पुकारा जाता है, जो सम्माननीय नहीं है। इसलिए अब उनकी फुटकर सब्जी विक्रेता के नाम से पहचान होगी।
लखनौर साहिब में बन रहा राजकीय एवीएलडीडी कॉलेज
मंत्री जेपी दलाल ने कहा कि अंबाला के लखनौर साहिब में सरकारी एवीएलडीडी कॉलेज का निर्माण करवाया जा रहा है। इसमें अगले शैक्षणिक सत्र के दौरान कक्षाएं लगनी शुरू की जाएंगी। कॉलेज में 60 युवाओं को पशु चिकित्सा एवं पशु विज्ञान में डिग्री करने के लिए प्रवेश दिया जाएगा।