सीएम मनोहर लाल (फाइल फोटो)
- फोटो : एएनआई
खरीफ-सीजन 2021 में बाजरे के लिए 2 लाख 71 हजार किसानों ने मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण करवाया है। इसमें से लगभग 8 लाख 65 हजार एकड़ भूमि पर बाजरा का सत्यापन हुआ है। खरीद शुरू होते ही किसानों के खातों में डीबीटी के माध्यम से 600 रुपये प्रति क्विंटल भावांतर औसत उपज के अनुसार भुगतान कर दिया जाएगा। यह भुगतान ‘मेरी फसल-मेरा ब्यौरा‘ पोर्टल पर सत्यापित किसानों को ही किया जाएगा।
ये फैसले भी लिए गए
- इस सीजन में सरकार 5 फसलों की खरीद न्यूनतम समर्थन मूल्य पर करेगी
- बाजरे के अतिरिक्त मूंग, मक्का और धान की खरीद 1 अक्तूबर से और मूंगफली की खरीद 1 नवंबर से शुरू होगी।
- पहली बार अरहर, उड़द और तिल की खरीद भी करने जा रही है, ये 1 दिसंबर से शुरू होगी
- किसानों को बाजरे के स्थान पर मूंग, अरहर, अरंडी, मूंगफली जैसी फसलें उगाने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। बाजरे का उत्पादन कम करने वाले किसानों को 4,000 रुपये प्रति एकड़ अनुदान दिया जाएगा
- प्रदेश में बाजरे की खरीद के लिए 86, मूंग की खरीद के लिए 38, मक्का के लिए 19 तथा मूंगफली की खरीद के लिए 7 खरीद केंद्र बनाए गए हैं। धान की खरीद के लिए भी 199 खरीद केंद्र बनाए गए हैं
- इसके अलावा 72 अतिरिक्त खरीद स्थलों की भी पहचान की गई है। यदि खरीद केंद्रों पर भारी मात्रा में आवक होगी, तो इन स्थलों का उपयोग धान की खरीद के लिए किया जाएगा