चंडीगढ़ को पंजाब को देने के लिए पंजाब विधानसभा में पारित प्रस्ताव पर रार थम नहीं रही है। शुक्रवार को प्रस्ताव पर विरोध जताने के बाद शनिवार को भी हरियाणा के सीएम मनोहर लाल ने इस मुद्दे पर अपनी नाराजगी जताई। मनोहर लाल ने कहा कि आम आदमी पार्टी के प्रमुख अरविंद केजरीवाल को इसकी निंदा करनी चाहिए या उन्हें हरियाणा के लोगों से माफी मांगनी चाहिए। पंजाब के सीएम को भी हरियाणा के लोगों से माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने जो किया है वह निंदनीय है।
मनोहर लाल ने कहा कि अगर वे ऐसा कुछ करना चाहते हैं, तो उन्हें पहले एसवाईएल मुद्दे को सुलझाने के लिए सुप्रीम कोर्ट जाना चाहिए। हिंदी भाषी क्षेत्र हरियाणा को नहीं दिए गए, जिससे बाकी मुद्दों में देरी हुई। उन्हें कहना चाहिए कि वे हरियाणा को हिंदी भाषी क्षेत्र देने के लिए तैयार हैं। यह निंदनीय है। उन्हें ऐसा नहीं करना चाहिए था। राजीव-लौंगोवाल समझौता 35-36 साल पहले हुआ था, जिसके अनुसार चंडीगढ़ हरियाणा और पंजाब दोनों की राजधानी है। मैंने कल भी कहा था कि इससे जुड़े कई मुद्दे हैं।