भारतीय जनता पार्टी के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष हरियाणा भाजपा के भविष्य का निर्णय करेंगे। हरियाणा भाजपा के आला नेताओं की संगठन और गठबंधन के मुद्दे पर शाह 16 जुलाई को निर्णय करेंगे। दिल्ली में होने वाली इस बैठक की बात भाजपा नेताओं को लीक नहीं करने की नसीहत दी गई है।
गठबंधन टूटना लगभग तय
हाल के दिनों में हरियाणा जनहित कांग्रेस और भाजपा नेताओं की बयानबाजी से गठबंधन की गांठ ढीली पड़ चुकी है। ऐसे में गठबंधन के लिए होने वाली बैठक में भाजपा नेता हजकां के पक्ष में कोई बात रखेंगे, इसकी संभावना कम है।
पार्टी सूत्रों के मुताबिक गठबंधन का टूटना लगभग तय है, फिर भी यदि केंद्रीय नेतृत्व गठबंधन में दिलचस्पी दिखाता है तब भी पहले वाली बात नहीं आ सकती है।
बीजेपी के चुनिंदा नेता ही मिलेंगे शाह से
बुधवार 16 जुलाई को शाह के साथ होने वाली बैठक में हरियाणा के चुनिंदा नेताओं को ही बुलाया गया है। इसमें प्रदेश अध्यक्ष रामबिलास शर्मा, भाजपा विधायक दल के नेता अनिल विज, संगठन मंत्री और महामंत्री मौजूद रहेंगे।
इसके अलावा केंद्र के कुछ नेता भी मौजूद हो सकते हैं। माना जा रहा है कि इस दिन गठबंधन सहित विधानसभा चुनाव की रणनीति तय हो सकती है।
राजनाथ के सामने किया था गठबंधन का विरोध
इससे पहले राजनाथ सिंह के साथ हुई बैठक में प्रदेश भाजपा नेताओं ने गठबंधन जारी रखने का विरोध किया था। इस बैठक में उपरोक्त पदाधिकारियों के अलावा सातों सांसदों ने भी अपनी बातें रखीं थीं।
बैठक में भी 90 फीसदी नेताओं ने गठबंधन की खिलाफत की थी। राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सभी सदस्य हरियाणा भाजपा नेताओं की बात से सहमत थे।