बच्चों की शिकायत पर ही महिला को विदेश भेजने वाले एजेंट के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाया गया। पुलिस ने एजेंट मुखत्यार सिंह को गिरफ्तार किया। इसके बाद महिला के बारे में जानकारी मिली। विदेश मंत्रालय के जरिए कुवैत में भारतीय दूतावास से संपर्क किया गया। तब महिला को भारत लाने की प्रक्रिया शुरू हुई।
एक समाज सेवी संस्था के जरिए महिला की देश वापसी का इंतजाम हुआ। यह महिला शुक्रवार को कुवैत से नई दिल्ली एयरपोर्ट पहुंची। जहां उसे लेने के लिए गुरदासपुर लीगल सर्विस अथॉरिटी की सेक्रेटरी महिला के बच्चों के साथ रिसीव करने पहुंचे। नई दिल्ली से महिला को सीधे मोहाली लाया गया, जहां उसका मेडिकल चेकअप करवाया गया।
करवाई जाएगी काउंसिलिंग, महिला को दिया एक लाख रुपये मुआवजा
रूपिंदरजीत चहल ने कहा कि अथॉरिटी महिला का इलाज करवाएगी। साथ ही उनकी काउंसिलिंग भी करवाई जाएगी, ताकि महिला मानसिक दबाव से उभरकर दोबारा सामान्य जीवन जी सके। चहल ने महिला को एक लाख रुपये का मुआवजा भी दिया। उन्होंने बताया कि यह मुआवजा पंजाब विकटिम कंपनसेशन स्कीम 2017 के तहत दिया गया है, जिसमें पीड़ित व उसके परिवार के लिए मुआवजे का प्रावधान है।
इसमें मानव तस्करी का शिकार हुए लोग भी शामिल हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब के लड़के-लड़कियां विदेश में काम करने के लिए इतने उतावले हैं कि एजेंट उनका फायदा उठा रहे हैं। नाजायज तरीके से विदेश भेजकर उनका शोषण किया जा रहा है। इस दौरान उनके साथ पंजाब स्टेट लीगल सर्विस अथॉरिटी के एडिशनल मेंबर सेक्रेटरी मनदीप मित्तल व गुरदासपुर लीगल सर्विस अथॉरिटी की सेक्रेटरी राणा कंवरदीप भी थे।