यूटी के प्रशासक वीपी सिंह बदनौर ने आईटी पार्क में शहरवासियों के लिए बनने वाले फ्लैट्स के डिजाइन को आखिरी मंजूरी दे दी है। मंगलवार को चंडीगढ़ हाउसिंग बोर्ड (सीएचबी) के चेयरमैन एके सिन्हा और सीईओ यशपाल गुप्ता ने प्रशासक कोल फ्लैट्स के डिजाइन को लेकर एक प्रेजेंटेशन दी, जिसके बाद प्रशासक ने डिजाइन को मंजूरी दे दी। जानकारी के अनुसार, अब अगर सब कुछ ठीक रहा तो जनवरी 2021 में सीएचबी इस जनरल हाउसिंग स्कीम को लांच कर देगा।
सीएचबी के एक अधिकारी ने बताया कि जिस कंसल्टेंट ने फ्लैट्स के डिजाइन तैयार किए हैं, उन्होंने इस पर काफी काम कर लिया है। प्रशासक से मंजूरी मिलने के बाद अब इन डिजाइन को प्लान अप्रूवल कमेटी अपर (पीएसी) को दिखाया जाएगा। इस कमेटी के चेयरमैन डीसी होते हैं। इस कमेटी के अप्रूवल के बाद सीएचबी स्कीम के लिए एनवायरमेंट क्लीयरेंस लेगा, जिसमें दो से तीन महीने तक का समय लगता है। इसके बाद टेंडर आदि की प्रक्रिया शुरू होती है। उन्होंने बताया कि अगर सब कुछ समय पर हुआ तो छह महीने के अंदर आईटी पार्क में जनरल हाउसिंग स्कीम को लांच कर दिया जाएगा।
आईटी पार्क में बनने हैं दो तरह के फ्लैट्स
आईटी पार्क में दो तरह के फ्लैट्स बनाए जा रहे हैं। एक शहरवासियों के लिए और दूसरा अफसरों के लिए। अफसरों के लिए बनने वाले लग्जरी फ्लैट्स के डिजाइन के लिए सीएचबी आर्किटेक्ट्स के बीच प्रतियोगिता करवा रहा है। बोर्ड के मुताबिक, वर्तमान कलेक्टर रेट के हिसाब से फ्लैट्स की कीमत पहले की स्कीमों के मुताबिक अधिक होगी। यहां पर ईडब्ल्यूएस, टू बेडरूम और थ्री बेडरूम फ्लैट्स शामिल होंगे। यह सेवन स्टोरी फ्लैट्स होंगे, जिसमें जिम और स्वीमिंग पूल का निर्माण भी करवाया जाएगा। वर्ष 2015 में हाउसिंग बोर्ड को पार्श्वनाथ डेवलपर्स से 123 एकड़ भूमि वापस मिली थी, जिसके बाद से ही बोर्ड इसकी डेवलपमेंट के लिए लगा हुआ है।
अधिकारियों के लिए बनने हैं अलग फ्लैट्स
सीएचबी ने पंजाब, हरियाणा व यूटी के अधिकारियों लिए भी यहां 6.73 एकड़ एरिया में फ्लैट्स का निर्माण करवाना है। बता दें कि एक टॉवर में 28 फ्लैट्स अधिकारियों के लिए होंगे, जबकि 28 ईडब्ल्यूएस फ्लैट्स दूसरे टॉवर में सर्वेंट क्वाटर होंगे। इस तरह तीनों को एक टॉवर के लिए टैक्स सहित कुल राशि 66 करोड़ रुपये बोर्ड को देनी होगी। इसके अलावा पंजाब और हरियाणा राज्यों के एमएलए के लिए भी यहां फ्लैट्स का निर्माण किया जाना है।