जब वो वापस बठिंडा आकर एजेंट के कार्यालय में गए तो उन्हें आश्वासन दिया कि एक दो दिन में उन्हें असली टिकट व वीजा देकर भेजा जाएगा लेकिन अभी तक न तो पैसे वापस किए गए और न ही असली टिकट और वीजा दिए गए । पीड़ितों ने बताया कि वो पिछले तीन दिन से एजेंट को बठिंडा में ढूंढ रहे हैं लेकिन उसका कोई पता नहीं है।
रेलवे स्टेशन और गुरुद्वारे में बीत रही रात
उन्होंने बताया कि अब उनके पास चाय पीने तक के पैसे नहीं हैं लेकिन जब वो पुलिस थाने में एजेंट के खिलाफ शिकायत देने पहुंचे तो पुलिस वालों ने उन्हें चाय पिलाई। पीड़ितों ने बताया कि वो रेलवे स्टेशन और गुरुद्वारों में रात काट रहे हैं। पुलिस से इंसाफ मिलने की उमीद लगाए हैं। इस संबंध में एसएसपी नानक सिंह का कहना है कि पुलिस मामले की जांच कर रही हैं। पीड़ितों के साथ इंसाफ होगा।
मोटे ब्याज पर पैसे उधार लेकर दिए थे: पीड़ित
एजेंट की ठगी का शिकार हुए पीड़ित पवन ने बताया कि इनमें से आधे लोगों ने विदेश जाने के लिए पांच रुपये प्रति सैकड़ा के हिसाब पर रुपये उधार लिए थे। जबकि कुछ लोगों ने अपने घर के जेवर व अन्य कीमती समान को बेचकर पैसों को जुगाड़ कर एजेंट को दिए थे। लेकिन उनको क्या पता था कि वो ठगी का शिकार हो रहे हैं।