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Chandigarh News: डल्ला के इशारे पर मोहाली में की थी फायरिंग, एजीटीएफ ने 4 को दबोचा

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चंडीगढ़। पंजाब एजीटीएफ ने मोहाली इंडस्ट्रियल एरिया फेज-9 में प्लॉट पर फायरिंग करने के चार आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। एजीटीएफ ने इन आरोपियों को मोहाली से गिरफ्तार कर .32 बोर की तीन पिस्टल और 16 कारतूस बरामद किए हैं। इस वारदात को कनाडा में बैठे बंबीहा ग्रुप के आतंकी अर्श डल्ला के कहने पर अंजाम दिया गया था। ये चारों आरोपी जंगी एप के जरिए अर्श डल्ला से बात करते थे। पकड़े गए आरोपियों में खरड़ के रहने वाले गगनदीप सिंह व नवजोत सिंह, पटियाला निवासी लखविंदर और फरीदकोट के रहने वाले विपिन प्रीत के खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज हैं।
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50 लाख की मांगी थी रंगदारी, फायरिंग कर भेजी थी वीडियो

बीते एक दिसंबर की रात करीब साढ़े 12 बजे आरोपियों ने मोहाली इंडस्ट्रियल एरिया फेज-9 में कारोबारी अमनदीप सिंह के प्लॉट पर फायरिंग की थी। इसकी सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची। सुबह मोहाली सेक्टर-99 के रहने वाले कारोबारी अमनदीप सिंह के व्हाट्सएप पर यह वीडियो भेजी गई। इसमें बंबीहा गैंग की ओर से 50 लाख की रंगदारी मांगी गई थी। इसमें यह भी कहा था कि अभी तो चार गोलियां चली हैं, अगर रंगदारी नहीं दी तो और भी चलेंगी। रंगदारी न देने पर अमनदीप को जान से मारने की धमकी दी। बता दें कि अमनदीप की गाड़ियों वर्कशॉप है। पुलिस ने वीडियो और मैसेज के आधार पर अज्ञात पर मामला दर्ज किया था। बता दें कि इससे पहले सेक्टर-91 के एक बिजनेसमैन को गोल्डी बराड़ के नाम से धमकी देते हुए दो करोड़ की रंगदारी मांगी गई थी। इस मामले में पुलिस ने गोल्डी बराड़ के खिलाफ मामला दर्ज किया था, जिसकी जांच अभी जारी है।

एजीटीएफ ने दर्ज की थी अलग एफआईआर

रंगदारी और फायरिंग के मामले में एजीटीएफ पंजाब ने अलग से एफआईआर दर्ज की थी। इसे पूरी तरह से गुप्त रखा गया था। इसी दौरान एजीटीएफ ने मोहाली से चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था। हालांकि, इस बारे में कोई जानकारी साझा नहीं की गई थी। इसी मामले में मोहाली फेज-11 थाने में भी केस दर्ज किया गया था।
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बम धमाके के आरोपी सिग्नल एप से करते थे विदेश में बैठे मलिक से बात

सेक्टर-26 में क्लबों के बाहर 26 नवंबर को बम धमाका करने के आरोपियों ने पूछताछ में खुलासा किया था कि वह विदेश में बैठे मास्टरमाइंड रणदीप मलिक से सिग्नल एप के जरिए बात करते थे। अब एजीटीएफ की ओर गिरफ्तार चारों आरोपियों ने खुलासा किया है कि वे आतंकी अर्श डल्ला के साथ जंगी एप से बात करते थे।
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