हालांकि नियमानुसार शून्यकाल में सदस्यों द्वारा उठाए जाने वाले मुद्दों पर सरकार का जवाब अनिवार्य नहीं है फिर भी परगट सिंह और प्रताप बाजवा के सवालों पर मंत्री हरजोत बैंस खुद को रोक नहीं पाए। उन्होंने कहा कि वह इस विभाग के मंत्री रह चुके हैं और मान सरकार को रेत से सबसे ज्यादा मुनाफा हुआ है।
शून्यकाल के दौरान ही प्रताप बाजवा ने पंजाब में कर्मचारियों को दिए जा रहे डीए पर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि केंद्र अपने मुलाजिमों को 46 फीसदी डीए दे रहा है, वहीं, पंजाब में जनवरी 2022 के बाद से डीए नहीं दिया गया। उन्होंने कर्मचारियों के लिए डीए जारी करने की मांग की।
मुझ पर लगाए आरोपों के सबूत दो, मैं हर जांच को तैयार: बैंस
मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने विधानसभा में कांग्रेस विधायक परगट सिंह की ओर से उन पर विभिन्न यूनियनों के नेताओं से न मिलने और अवैध खनन संबंधी लगाए गए आरोपों को सिरे से नकार दिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की पूर्व सरकार द्वारा दो कॉलेज अध्यापकों की भर्ती के लिए जो मुहिम शुरू की गई थी, उस संबंध में गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी अमृतसर के वाइस चांसलर द्वारा नोट लिखकर भर्ती प्रक्रिया रोकने को कहा था।
बैंस ने कहा कि इसके बावजूद कांग्रेस सरकार ने यह भर्ती प्रक्रिया नियमों के उलट जाकर की, जिसे हाईकोर्ट ने रद्द कर दिया। अपने आदेश में हाईकोर्ट द्वारा कहा गया था- हमें पता है कोर्ट के फैसले से बहुत सी जिंदगियां प्रभावित होंगी लेकिन इस भर्ती में बहुत सी कानूनी अड़चनें हैं, जिसके कारण हम यह भर्ती रद्द कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह भर्ती रद्द होने के लिए कांग्रेस पूरी तरह से जिम्मेदार है।
अवैध खनन संबंधी आरोपों पर बैंस ने कहा यदि कोई व्यक्ति मेरे या मेरे परिवार के माइनिंग में शामिल होने संबंधी सबूत दे तो मैं हर तरह की जांच का सामना करने को तैयार हूं। चाहे मेरा नार्को टेस्ट करवा लिया जाए। उन्होंने कहा जब मैं खनिज पदार्थों संबंधी मंत्री था तो हमारे राज्य ने सबसे अधिक राजस्व हासिल किया था। बैंस ने कहा कि उनके हलके में खनन के कारण दिन-ब-दिन पानी का स्तर नीचे जा रहा है, इसलिए वह चाहते हैं कि खनन पूरी तरह से बंद होना चाहिए।
पंजाब विधानसभा ने दिवंगत शख्सियतों को दी श्रद्धांजलि
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में विधानसभा ने मंगलवार को दिवंगत शख्सियतों, स्वतंत्रता सेनानियों, खेल शख्सियत और राजनीतिक हस्तियों को श्रद्धांजलि भेंट की। 16वीं पंजाब विधानसभा के पांचवें सत्र के दौरान, सदन ने पूर्व विधायक हरबंस सिंह दातेवास, भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान बिशन सिंह बेदी और बेगम मुनव्वर उन-निशा को श्रद्धांजलि भेंट की। इसके साथ ही सदन ने पूर्व मंत्री रघुनाथ सहाए पुरी की पत्नी कामनी पुरी, विधायक मनजिंदर सिंह लालपुरा की माता बलबीर कौर, विधायक अमोलक सिंह की माता करतार कौर और विधायक डॉ. रवजोत सिंह की माता सुरिंदर कौर के अलावा स्वतंत्रता सेनानी अमर सिंह सुखीजा और जवाहर लाल, समाजसेवी बलवंत सिंह खेड़ा, हरसिमरन सिंह फौजी और होमगार्ड जवान जसपाल सिंह को श्रद्धांजलि भेंट की गई। सदन ने दिवंगत आत्माओं की याद में दो मिनट का मौन रखा।