मानसिक रूप से परेशान बेटे की पिटाई से गंभीर घायल बुजुर्ग महिला ने दम तोड़ दिया है। पांच दिन पहले बेटे ने अपनी मां को बुरी तरह से पीटकर उसे नहर में फेंकने का प्रयास किया था लेकिन नाके पर तैनात पुलिस कर्मचारियों की मुस्तैदी से महिला को बचा लिया था। बुजुर्ग महिला को अस्पताल में दाखिल करवा दिया था।
अबोहर के गांव रूहेडियांवाली निवासी करीब 80 वर्षीय परमेश्वरी देवी को उसके ही बेटे कांशीराम ने 24 फरवरी को बुरी तरह से पीटा था। इससे बुजुर्ग महिला के हाथ की हड्डी व पसली तक टूट गई थी। इसके बाद वह अपनी मां को एक कपड़े में बांधकर साइकिल पर नहर में फेंकने जा रहा था तो लोगों की सूचना पर पुलिस ने महिला को उसके चंगुल से छुड़वाया और उसे अस्पताल में भर्ती करवाया था लेकिन अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद घायल बुजुर्ग को फरीदकोट रेफर कर दिया गया था।
फरीदकोट के डॉक्टरों ने भी महिला की आयु अधिक होने पर और हालत गंभीर होने पर परिजनों को जवाब दे दिया जिस पर महिला की पीलीबंगा में रहने वाली बेटी कौशल्या व दामाद रामलाल उसे अपने घर ले गए, जहां बुधवार रात बुजुर्ग महिला की मौत हो गई। कौशल्या देवी ने इसकी सूचना पुलिस को दी जिस पर पुलिस ने मृतका के शव को अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया।
थाना प्रभारी जसविंदर सिंह ने बताया कि मृतका की बेटी का कहना है कि वे अपने भाई पर किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं करवाना चाहते क्योंकि उसकी मानसिक हालत सही नहीं है लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट में अगर कहीं यह साबित हुआ कि हमले की गहरी चोट कारण उसकी जान गई है तो कानून के अनुसार बनती कार्रवाई की जाएगी।