चंडीगढ़। बुधवार शाम शहर में हुई तेज बारिश ने चंडीगढ़ के ड्रेनेज सिस्टम की पोल खोल दी। शाम 6:50 से रात 8:10 बजे तक 42 एमएम बारिश रिकॉर्ड की गई। महज डेढ़ घंटे में हुई तेज बरसात के कारण शहर की ज्यादातर सड़कें जलमग्न हो गईं। कई जगह वाहन पानी में बंद हो गए और लोगों को सड़क किनारे गाड़ियां खड़ी कर बारिश थमने का इंतजार करना पड़ा।दक्षिणी सेक्टरों में सबसे ज्यादा असर, कई चौक और सड़कें डूबीं
बारिश के बाद दक्षिण मार्ग पर सेक्टर-21-22, 34-35 चौक, किसान भवन चौक, सेक्टर-24-25-38 चौक, सेक्टर-36-37 रोड, सेक्टर-37-38 और 40-41 चौक समेत कई प्रमुख सड़कों पर पानी भर गया। सेक्टर-25-24, 14-15 चौक, सेक्टर-17-18 रोड, 22-17 रोड, सेक्टर-20-19 और 18-21 चौक पर भी जलभराव के कारण यातायात प्रभावित रहा।
कई मकानों में पानी घुसा
सेक्टर-38 सी के कई मकानों में पानी घुसने की स्थिति बन गई, जबकि सेक्टर-44 के पांच-छह घरों में भी बरसाती पानी भर गया। मलोया गांव में एक दर्जन से ज्यादा मकानों में पानी पहुंच गया। नगर निगम और प्रशासन की टीमों ने मौके पर पहुंचकर पानी की निकासी करवाई। राहत कार्य में फायर टेंडर भी लगाए गए।
सेक्टर-32 अस्पताल का बिजली सब स्टेशन भी हुआ प्रभावित
तेज बारिश के कारण सेक्टर-32 अस्पताल के बिजली सब स्टेशन में भी पानी आने लगा। वहां तैनात कर्मचारियों ने सतर्कता बरतते हुए स्थिति संभाली, जिससे अस्पताल की बिजली आपूर्ति बाधित नहीं हुई। पानी निकालने के लिए निगम और प्रशासन की टीमों को तुरंत मौके पर बुलाया गया।
67 साल पुराने सिस्टम पर भारी पड़ी बारिश
बारिश इतनी तेज थी कि एन-चो भी उफान पर आ गया। सेक्टर-22, 23, 16, 36, 35, 34, 37, 38, 40 और 41 की ओर से आने वाली स्टॉर्म वॉटर लाइनों ने भी पानी उठाना बंद कर दिया। शहर के कई हिस्सों में सड़कें पानी से भर गईं। अधिकारियों के अनुसार चंडीगढ़ का स्टॉर्म वॉटर सिस्टम करीब 67 साल पुराने डिजाइन पर आधारित है। इसे उत्तरी सेक्टरों में 15 एमएम प्रति घंटा और दक्षिणी सेक्टरों में 25 एमएम प्रति घंटा बारिश के हिसाब से तैयार किया गया था। बुधवार को सवा घंटे में ही 42 एमएम बारिश होने से रोड गलियां और स्टॉर्म वॉटर लाइनें पानी नहीं उठा सकीं। सेक्टर-15 डी, सेक्टर-38 ऊन मार्केट, सेक्टर-41 ए, सेक्टर-33 सरकारी मकानों, सेक्टर-32, मनीमाजरा और मौली जागरां में भी पानी भरने से लोगों को परेशानी झेलनी पड़ी।
कोट...
मेन सड़कों पर बरसाती पानी भरकर चला। लेकिन बरसात रूकते ही पानी की निकासी हो गई। ज्यादा बारिश होने से ऐसा हुआ है। - सीबी ओझा, चीफ इंजीनियर प्रशासन
कोट...
बरसात तेज होने से एनचो का लेवल ऊपर हो गया। इसकी वजह से एनचो में शहर के ज्यादातर सेक्टरों की गिरने वाली स्टॉर्म लाइन ने पानी की निकासी करनी बंद कर दी। बारिश कम होते ही एनचो का लेवल नीचे आ गया। सड़कों से बरसाती पानी की निकासी कुछ ही देर में हो गई। -संजय अरोड़ा, चीफ इंजीनियर, नगर निगम