पंजाब के सरकारी अस्पतालों, विशेष तौर पर सरहदी और दूरदराज के इलाकों में मानक स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाने के लिए मेडिकल अफसरों की प्रतिनियुक्ति को रद्द किया जाएगा। यह आदेश स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू ने बुधवार को कल्याण भवन में सभी सिविल सर्जनों के साथ की गई पहली मीटिंग में दिए।
बलबीर सिंह सिद्धू ने कहा कि सिविल सर्जन यह यकीनी बनाएं कि सरकारी अस्पतालों में डॉक्टर केवल जन औषधि केंद्र में मिलने वाली दवाएं ही मरीजों को लिखें ताकि जरूरतमंद लोगों को अपनी जेब से पैसा खर्च कर केमिस्टों के पास दवाएं न खरीदनी पड़े।
उन्होंने कहा कि अस्पतालों के कामकाज में और सुधार लाने के लिए पिछले महीने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अधीन 535 नर्सें (एएनएम) को भर्ती किया गया है और जून के आखिरी हफ्ते तक 114 और नर्सें भर्ती की जाएंगी।
स्वास्थ्य मंत्री ने जिलावार सिविल सर्जनों से स्पेशलिस्टों और अन्य पैरा मेडिकल स्टाफ के खाली पड़े पदों की भी जानकारी के लिए और एक हफ्ते तक सभी खाली पदों का विवरण भेजने को कहा। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग खाली पड़े पदों की भर्ती प्रक्रिया को शुरू करेगा।