कोरोना वायरस के संक्रमण से चंडीगढ़ वासियों को बचाने के लिए प्रशासन ने सोमवार आधी रात से शहर में कर्फ्यू लगाकर शहर के सभी बॉर्डर एरिया को पूरी तरह सील कर दिया। साथ ही सेक्टरों की मार्केट से लेकर कालोनी एरिया तक में पुलिस बल तैनात कर दिया और लोगों से घरों में ही रहने की अपील की। बावजूद इसके मंगलवार को पहले दिन बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर बेवजह घूमते नजर आए। ऐसे में पुलिस ने सख्ती बरतते हुए इन लोगों पर कार्रवाई भी की।
कर्फ्यू के दौरान सेक्टर-26 की मंडी में बेवजह सड़कों पर घूम रहे लोगों पर पुलिस को हल्का बल प्रयोग करना पड़ा। मंगलवार शाम तक पुलिस ने 660 लोगों को राउंडअप किया। वहीं, 232 वाहनों को रोका और 40 वाहनों को जब्त करने की कार्रवाई की। शहर में कर्फ्यू लगने के आदेशों के बाद पुलिस ने शहर के अलग-अलग थानों में कुल 11 लोगों के खिलाफ 188 के तहत कार्रवाई की।
जगह-जगह चला पुलिस का डंडा
कर्फ्यू के दौरान पुलिस जगह-जगह मुस्तैद नजर आई। पुलिस का गुस्सा उस वक्त फूट गया जब सेक्टर-26 की ग्रेन मार्केट मंडी में लोगों की भीड़ इकट्ठा होनी शुरू हो गई। कर्फ्यू के आदेश जारी होने के बावजूद सामान खरीदने की होड़ में सुबह-सुबह ही हजारों की संख्या में लोग ग्रेन में पहुंच गए।
दुकानें खुली होने और सामान खरीदने पहुंचने वाले लोगों की सूचना मिलते ही मौके पर ईस्ट डीएसपी दिलशेर सिंह चंदेल एसएचओ 26 नरेंद्र पटियाल भारी पुलिस बल के साथ मंडी में पहुंच गए। इस दौरान पुलिस ने पहले तो अनाउंसमेंट कर लोगों को तुरंत अपने घरों की ओर जाने को कहा लेकिन जब लोग नहीं माने तो उन्हें खदेड़ने के लिए पुलिस ने हल्का बल का प्रयोग करना पड़ा। साथ ही दुकानदारों को निर्देशित किया कि प्रशासन की ओर से अगले आदेश जारी होने तक दुकानों को पूरी तरह बंद रखा जाए।
पुलिस दिनभर करती रही अनाउसमेंट
सड़कों पर लोगों के निकलने कि वजह से पुलिस लाउडस्पीकर के जरिए दिनभर अनाउंसमेंट कर लोगों को घरों में ही रहने की हिदायत देती नजर आई। अनाउंसमेंट के दौरान पुलिस ने पूरी तरह साफ कर किया कि यदि कोई भी शख्स किसी भी स्थिति में बाहर निकलता है तो उसके ऊपर कानूनी कार्रवाई करते हुए तुरंत गिरफ्तार कर लिया जाएगा।