चंडीगढ़ में नेशनल शूटर एडवोकेट सुखमनप्रीत सिंह उर्फ सिप्पी सिद्धू के हत्यारों पर सीबीआई ने पांच लाख से बढ़ाकर 10 लाख रुपये का इनाम घोषित कर दिया है। सीबीआई कातिलों की सूचना देने वाले को इनाम की राशि देने के साथ उसकी पहचान भी गुप्त रखेगी। सीबीआई ने सार्वजनिक सूचना जारी की है।
20 सितंबर 2015 की रात करीब 9 बजे चंडीगढ़ सेक्टर-27 के एक पार्क में नेशनल शूटर सुखमनप्रीत सिंह उर्फ सिप्पी सिद्धू का शव मिला था। सुखमनप्रीत को चार गोलियां मारी गई थी। चंडीगढ़ पुलिस आरोपियों को गिरफ्तार नहीं कर सकी थी। इस मामले में पुलिस विभाग ने स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (एसआईटी) का भी गठन किया था। मामले में हाईकोर्ट के एक जज की बेटी की भूमिका संदिग्ध पाई गई थी लेकिन फिर भी कातिलों का सुराग नहीं जुटाया जा सका। इसके बाद केस सीबीआई को ट्रांसफर किया गया। सीबीआई भी आरोपियों को पकड़ने में फेल साबित हुई।
सीबीआई ने अखबारों में प्रकाशित विज्ञापन में कहा था कि विश्वसनीय सूत्रों से पता चला है कि 20 सितंबर 2015 की हत्या वाली रात को मौके पर एक महिला मौजूद थी। उस महिला को भी सूचना दी जाती है कि वह जांच अधिकारी के सामने आकर अपनी बेगुनाही का सबूत दे। अगर महिला सामने नहीं आती तो माना जाएगा कि वह भी हत्या में शामिल है। इसके साथ ही सीबीआई ने मामले में कोई भी सुराग देने वाले के लिए पांच लाख रुपये के इनाम की घोषणा भी की थी।