फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Coronavirus: चंडीगढ़ में एक ही दिन में मिले 18 मरीज, अकेले बापूधाम से 16 संक्रमित, एक संदिग्ध की मौत

Thu, 07 May 2020 04:31 PM IST
खुशबू गोयल वीणा तिवारी, चंडीगढ़
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
विज्ञापन
शहर में वीरवार को कोरोना के 18 नए मामले सामने आए, जिनमें से 16 संक्रमित अकेले बापूधाम के हैं। वहीं, एक मरीज सेक्टर-30 जबकि एक अन्य संक्रमित सेक्टर-27 में मिला। एक दिन में शहर और बापूधाम में मिलने वाले संक्रमितों की यह सबसे बड़ी संख्या है।
विज्ञापन


बापूधाम में कोरोना की चेन नहीं टूटने से प्रशासन से लेकर स्वास्थ्य विभाग तक की नींद उड़ी हुई है। तमाम कोशिशों के बावजूद प्रशासन बापूधाम में संक्रमण को रोकने में नाकाम साबित हो रहा है। यही वजह है कि यहां पॉजिटिव मरीजों की संख्या दिनोंदिन बढ़ती जा रही है। उधर, वीरवार को एक कोराना संदिग्ध की मौत हो गई।  

स्थिति यह है कि बापूधाम में रोजाना मिलने वाले संक्रमितों की संख्या दहाई में पहुंच गई है। वीरवार को भी शहर यहां 16 मरीज संक्रमित मिले। वीरवार को एक ही दिन में चंडीगढ़ में 18 नए मरीजों के मिलने के बाद अब शहर में कुल पॉजिटिव मरीजों की संख्या 142 पर पहुंच गई है।
विज्ञापन


प्रशासन की रिपोर्ट के अनुसार, वीरवार को मिले 18 नए मामलों में 4 मरीजों की रिपोर्ट बुधवार देर रात आई, जिसमें कोरोना की पुष्टि हुई है। बाकी के 14 मरीजों में वीरवार को कोरोना की पुष्टि हुई। इनमें 16 मरीज बापूधाम के जबकि एक सेक्टर-30 जबकि एक अन्य संक्रमित सेक्टर-27 में मिला।

बापूधाम के मिले नए पॉजिटिव मरीजों में 5 वर्षीय बच्चे के अलावा 33, 38, 62, 36 और 25-25 वर्षीय दो महिलाओं के अलावा 16, 18, 27, 30, 32 और 24 वर्षीय दो युवक शामिल हैं। इनके अलावा 44 और 65 वर्षीय दो पुरुष भी शामिल हैं। वहीं, सेक्टर-27 में 45 वर्षीय पुरुष और सेक्टर-30 में 12 वर्षीय बच्ची संक्रमित मिले हैं।  देर रात मिले मरीज जीएमएसएच-16 में भर्ती कराए गए हैं।  

उधर, जीएमएसएच-16 में बुधवार को भर्ती बापूधाम के शास्त्री नगर निवासी एक कोरोना के संदिग्ध मरीज की वीरवार रात मौत हो गई। मरीज की उम्र 45 वर्ष थी। मरीज का सैंपल बुधवार दोपहर को लिया गया था लेकिन 24 घंटे गुजरने के बाद भी उसकी रिपोर्ट नहीं आ सकी। उसके साथ आइसोलेशन वार्ड में अन्य चार और संदिग्ध मरीज भी भर्ती थे। उनकी भी रिपोर्ट अभी पेंडिंग है।

मई में बापूधाम की स्थिति और बिगड़ी

बापूधाम से 24 अप्रैल को कोरोना पॉजिटिव पहला केस सामने आया था। उसके बाद यहां कोरोना की चेन लगातार बढ़ती ही जा रही है। वीरवार को शहर में मिले 18 पॉजिटिव केस में से 16 बापूधाम के है। इससे पहले भी बापूधाम में एक दिन में 10 पॉजिटव मामले आ चुके हैं। सबसे पहले एक मई को बापूधाम में 12 कोरोना पॉजिटिव मरीज मिले। उसके बाद 5 मई को फिर वहां के 10 लोगों में कोरोना की पुष्टि हुई। उसके एक दिन बाद ही यह संख्या फिर दोहराई गई है। एक साथ इतनी ज्यादा संख्या में लोगों का संक्रमित होने से स्थिति बिगड़ती जा रही है। 

कोरोना संक्रमण को लेकर विशेषज्ञों का कहना है कि 7 से 14 दिन तक संक्रमण का खतरा रहता है। अगर इस मानक पर गौर किया जाए तो बापूधाम के पहले पॉजिटिव केस के मिलने से लेकर वीरवार तक 14 दिन का समय पूरा हो चुका है। बापूधाम में कोरोना का पहला मामला 24 अप्रैल को सामने आया था, जिसके अनुसार 7 मई को 14वां दिन पूरा हुआ। कॉलोनी के लोगों के साथ ही प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के लोग इस उम्मीद में हैं कि अब वहां के मरीजों की संख्या कम हो जाएगी।

पीजीआई में यूपी के दो संदिग्ध मरीज भर्ती  
पीजीआई के कोरोना डेडिकेटेड हॉस्पिटल में यूपी के दो संदिग्ध समेत 6 मरीज भर्ती हैं। यूपी के मरीजों में एक शामली का और दूसरा सहारनपुर का है जबकि बाकी 4 मरीज चंडीगढ़ के हैं। इन सभी का जांच का नमूना लिया जा चुका है। रिपोर्ट पेंडिंग है। वहीं कोरोना के कुल 103 मरीज भर्ती हैं। जिनमें से 4 गंभीर मरीजों को आईसीयू में रखा गया है। शहर में अब तक कोरोना के 1845 संदिग्ध मरीज मिल चुके हैं। उनमें से 1698 की रिपोर्ट निगेटिव आई है। 21 मरीज ठीक होकर घर जा चुके है। एक कोरोना पॉजिटिव मरीज की मौत हो चुकी है।
विज्ञापन

सात घंटे की रिपोर्ट 6 दिन बाद भी नहीं मिली

जीएमएसएच 16 के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कोरोना के दो दर्जन से ज्यादा संदिग्ध मरीजों की जांच रिपोर्ट छठवें दिन भी नहीं आई। अस्पताल की इमरजेंसी के सामने की बिल्डिंग में तीसरे तल पर भर्ती बापूधाम के 20 मरीजों की रिपोर्ट 6 दिन बाद भी नहीं मिली। उन सभी संदिग्धों को कोरोना के शक पर 2 अप्रैल को यहां भर्ती किया गया था। उस दिन से लगातार वो सभी लोग अपनी रिपोर्ट आने का इंतजार कर रहे हैं।

उन लोगों मे कहना है कि संदिग्ध के तौर पर उन्हें अस्पताल में भर्ती करके भुला दिया गया है। बार बार पूछने पर बस एक ही जवाब मिलता है कि जब रिपोर्ट आएगी तब पता चल जाएगा। वहीं वीरवार की रात एक संदिग्ध मरीज की मौत के बाद उन लोगों का डर और बढ़ गया है। उनका कहना है कि एक साथ सभी को ऐसे भर्ती रखा गया है कि जो संक्रमित नहीं होगा उसे भी संक्रमण हो जाएगा। इस बाबत अस्पताल प्रशासन का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने में देरी का कारण टेस्ट सेंटर में सैंपल की अधिकता है इसलिए तय समय से ज्यादा वक्त लग रहा है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें