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कोरोना वायरस: कैदियों की परिजनों से मुलाकात, मंदिरों में भीड़ जुटाने पर रोक, तकनीकी संस्थान बंद

Mon, 16 Mar 2020 09:31 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
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कोरोना वायरस - फोटो : फाइल फोटो
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हरियाणा में कोरोना वायरस के खतरे को टालने के लिए सरकार ने और एहतियाती कदम उठाए हैं। प्रदेश की जेलों में बंद कैदियों से परिजनों की मुलाकात पर अगले आदेश तक रोक रहेगी। 25 मार्च से शुरू हो रहे चैत्र नवरात्र के दौरान मंदिरों में भीड़ नहीं जुटा सकेंगे। प्रदेश की सभी तकनीकी यूनिवर्सिटी और संस्थानों को 31 मार्च तक बंद कर दिया गया है। 

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पिक्स प्रिजनर इनमेट कॉलिंग सिस्टम व विक्स वीडियो इनमेट कॉलिंग सिस्टम से वंचित कैदियों के साथ ही परिजनों की सप्ताह में दो बार मुलाकात कराई जाएगी। सोमवार को मुख्य सचिव केशनी आनंद अरोड़ा ने कोरोना से निपटने के लिए किए गए प्रबंधों की समीक्षा की।

सरकार ने स्वास्थ्य विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव राजीव अरोड़ा को तत्काल प्रभाव से राज्य में सीओवीआईडी-19 की रोकथाम और नियंत्रण के लिए सभी विभागों, क्षेत्रों और हितधारकों के साथ समन्वय स्थापित करने के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त किया है। तकनीकी शिक्षा विभाग के निदेशक ने सभी तकनीकी यूनिवर्सिटी के वीसी, इंजीनियरिंग व प्रौद्योगिकी संस्थानों के निदेशकों, सरकारी व निजी बहुतकनीकी कॉलेजों के प्राचार्यों को निर्देश दिए हैं कि वे 31 मार्च तक अपने संस्थान बंद रखें। स्टाफ ड्यूटी पर मौजूद रहेगा।
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डीजी जेल ने सोमवार को जारी निर्देशों में कहा है कि 18 मार्च से 31 मार्च तक जेलों में बंद कैदियों को कोरोना से बचाने के लिए विशेष एहतियात बरतें। सामान्य मुलाकातें तुरंत बंद कर दें। पिक्स व विक्स से वंचित कैदियों को एक समय में दो से अधिक परिजनों से न मिलाएं। नए कैदियों के लिए जल्दी पिक्स व विक्स सुविधा उपलब्ध कराएं। 

कैंटीन, अस्पताल व कानूनी सहायता ब्लॉक अनुसार समय सारिणी के तहत प्रदान करें। डीजीपी मनोज यादव ने सभी जिलों में कार्यरत पुलिस अधिकारियों के अलावा शीतला माता मंदिर, मनसा देवी मंदिर व अन्य मंदिरों के प्रबंधन से आग्रह किया है कि वे चैत्र नवरात्रों के दौरान भीड़ न जुटाएं। न ही लोगों को एकत्रित होने के लिए प्रोत्साहित करें।

मोबाइल ट्रैकिंग से रखी जाएगी कोरोना संदिग्धों पर नजर
हरियाणा सरकार कोरोना वायरस के संदिग्धों की गतिविधियों पर मोबाइल ट्रैकिंग के माध्यम से नजर रखेगी। आमजन को बाजार से उचित मूल्यों पर दवाइयां, मास्क तथा सैनेटाइजर उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए गए हैं। संदिग्धों की जानकारी के लिए दो हेल्पलाइन नंबर 8558893911 तथा 108 को चलाया जा रहा है। मुख्य सचिव केशनी आनंद अरोड़ा ने सोमवार को मंडलायुक्तों, डीसी, मुख्य स्वास्थ्य अधिकारियों व अन्य वरिष्ठ अधिकारियों को वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए विशेष दिशा निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि लोगों में जागरूकता फैलाने के लिए सार्वजनिक स्थानों पर होर्डिंग्स लगाएं। आम जन को ‘क्या करें व क्या न करें’ व उचित ढंग से हाथ धोने की जानकारी दें। विज्ञापन, टेलीविजन, रेडियो एसएमएस के माध्यम से जागरूकता अभियान चलाए जाएं। इसमें आपदा के समय कार्य करने वाले लोगों को शामिल करें। 

आपातकालीन स्थिति को संभालने के लिए रिटायर्ड चिकित्सा अधिकारियों, पैरामेडिकल स्टाफ, रिटायर्ड आर्मी के अधिकारियों के साथ-साथ मेडिकल के विद्यार्थियों की भी सेवाएं लें। प्रदेश में वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से केंद्र सरकार प्रशिक्षण दे रही है। सभी उपमंडल एवं खंड स्तर के अधिकारियों को इससे अवगत कराएं। डीसी यह भी सुनिश्चित करें कि सभी जिलों के निजी एवं सरकारी अस्पतालों के अलावा मेडिकल कॉलेजों में आवश्यक सुविधाएं तैयार रहें।

विदेश से आने वालों की जानकारी दें कंपनियां
मुख्य सचिव ने कहा है कि हरियाणा में स्थापित कंपनियां विदेश से आने वाले प्रत्येक व्यक्ति की जानकारी सबसे पहले ऑनलाइन माध्यम से मुख्य चिकित्सा अधिकारी को दें, इसके अलावा यदि संभव हो सके तो कर्मचारियों को घर से कार्य करने की अनुमति दी जाए। सभी सरकारी एवं निजी अस्पतालों को सैनेटाइज कराया जाए ताकि अन्य बीमारियों से ग्रस्त मरीजों, चिकित्सकों एवं पैरामेडिकल स्टाफ को इससे बचाया जा सके।

सभी वरिष्ठ अधिकारी आपसी समन्वय स्थापित कर कोरोना वायरस से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी एक-दूसरे को उपलब्ध करवाएं। जिला अस्पतालों में जिन उपकरणों की आवश्यकता है उसे जल्द से जल्द पूरा करें। उन्होंने सभी जिलों में कम से कम 100 आइसोलेशन-बेड तथा नई दिल्ली के साथ लगते गुरुग्राम में 500 से अधिक आइसोलेशन-बेड तैयार करने के निर्देश दिए।

वायरस से डरने या घबराने की जरूरत नहीं: विज

स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने कोरोना वायरस के मद्देनजर प्रदेश के लोगों से अपील की है कि इससे डरने या घबराने की जरूरत नहीं हैं, केवल सफाई का विशेष ध्यान रखे और भीड़भाड़ वाली जगह पर जाने से बचें। सरकार ने कोरोना वायरस से बचाव के लिए उचित प्रबंध किए हुए हैं। प्रदेश में 298 वार्ड व 1328 आइसोलेशन-बेड तैयार हैं। अब तक हरियाणा में कोरोना वायरस से संक्रमित एक भी मरीज नहीं है।

कोरोना से बचाव के लिए कर्मचारियों को मिलें मास्क व पाउडर
हरियाणा के सरकारी कर्मचारियों में भी कोरोना वायरस का खौफ व्याप्त है। तेजी से पांव पसार से वायरस से बचने के लिए कर्मचारियों ने मास्क, सैनेटाइजर व पाउडर की मांग की है। हरियाणा कर्मचारी महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष विश्वनाथ शर्मा व प्रदेश महासचिव वीरेंद्र सिंह धनखड़ ने कहा है कि जो कर्मचारी सार्वजनिक भीड़भाड़ वाले या रात्रि सेवा में अपनी ड्यूटी करते हैं। उन्हें वायरस से बचाव के उपकरण मुहैया कराए जाएं। 

परिवहन विभाग के चालक-परिचालक, कर्मशाला स्टाफ, बिजली बोर्ड के पावर हाउस, जनस्वास्थ्य विभाग के जलघर, नगर पालिका के कर्मचारी व पशुपालन से संबंधित विभागों के कर्मचारियों को मास्क व वायरस को निष्क्रिय करने वाला पाउडर सभी जिला मुख्यालयों पर अति शीघ्र उपलब्ध करवाना सुनिश्चित करें। 
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वायरस के कारण प्रदेश का कर्मचारी वर्ग काफी चिंतित है। यदि सरकार समय रहते अति शीघ्र मास्क व अन्य सुविधाएं उपलब्ध करवा देती है तो प्रदेश का कर्मचारी निडर होकर अपनी ड्यूटी का निर्वहन कर सकेगा। कर्मचारी नेताओं ने बताया कि स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज को पत्र लिखकर कर्मचारियों की मांग से अवगत करवा दिया गया है। सरकार की यह जिम्मेदारी है कि वह अपने कर्मचारियों के स्वास्थ्य का ध्यान रखे। यदि कोई कर्मचारी संबंधित वायरस से ग्रसित महसूस करता है तो उसे शासन शीघ्र अवकाश दे।

लोगों को जागरूक करेंगे एनएचएम कर्मचारी
कोरोना वायरस के मद्देनजर एनएचएम कर्मचारी संघ हरियाणा ने बैठक कर एलान किया है कि सभी सरकारी अस्पतालों व स्वास्थ्य केंद्रों में एनएचएम कर्मचारी पूरी जिम्मेदारी से काम करेंगे। प्रदेशाध्यक्ष रिहान रजा ने बताया कि प्रदेश में इस वक्त ये वायरस महामारी घोषित किया जा चुका है। इसलिए तमाम एनएचएम कर्मियों ने ये निर्णय लिया है कि कर्मचारी और जिम्मेदारी, समर्पण, लगन, तन्मयता और कर्तव्यनिष्ठा के साथ इससे निपटने के लिए अपनी ड्यूटी करेंगे। रजा के अनुसार अपनी ड्यूटी के साथ-साथ कर्मचारी लोगों, मरीजों व तीमारदारों को जागरूक करने का काम भी करेंगे। उन्होंने सरकार से मांग की है वे एनएचएम को भी ड्यूटी के दौरान अपने बचाव के लिए मास्क, सैनेटाइजर व अन्य उपकरण उपलब्ध करवाएं।
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