बढ़ती महंगाई के खिलाफ शुक्रवार को पटियाला में जहां एक तरफ भारतीय किसान यूनियन एकता (उगराहां) की ओर से डीसी दफ्तर के आगे धरना लगाया गया, वहीं किला चौक में कांग्रेसियों ने जोरदार धरना दिया। इस मौके केंद्र से रसोई गैस, डीजल व पेट्रोल की बढ़ती कीमतों को कम करने की मांग की गई। मांग पूरी न होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी गई।
भारतीय किसान यूनियन एकता (उगराहां) की ओर से बढ़ती महंगाई को लेकर केंद्र व पंजाब सरकार के खिलाफ डीसी दफ्तर आगे धरना-प्रदर्शन किया गया। इस मौके जिला प्रधान मनजीत सिंह न्याल ने कहा कि मोदी सरकार की ओर से तकरीबन हर पेट्रोल व डीजल की कीमतों में इजाफा किया जा रहा है।
ऊपर से अब रसोई गैस की कीमतें भी बढ़ा दी गई हैं। जिससे आम आदमी के लिए गुजारा करना मुश्किल हो गया है। पहले ही कोरोना के कारण लोगों ने अपने रोजगार खो दिए हैं और लाखों लोगों ने अपनों को खो दिया है। ऐसे में लोगों की आर्थिक मदद करने के बजाय मोदी सरकार लोगों की महंगाई से कमर तोड़ रही है।
ब्लाक कांग्रेस किला मुबारक के प्रधान एवं पार्षद अतुल जोशी की ओर से किला चौक पर महंगाई के खिलाफ धरना दिया गया। जिला कांग्रेस प्रधान केके मल्होत्रा ने कहा कि मोदी सरकार की गलत नीतियों के कारण शुक्रवार को महंगाई ने पिछले सारे रिकार्ड तोड़ दिए हैं। जिस कारण जनता में हाहाकार मचा है।
अमृतसर में भी प्रदर्शन
एनएसयूआई पंजाब अध्यक्ष अक्षय शर्मा ने शुक्रवार को कहा कि लाखों नागरिकों को होने वाली गंभीर कठिनाइयों के लिए केंद्र सरकार उत्तरदायी है। अक्षय ने कहा कि असंवेदनशील केंद्रीय व्यवस्था सो रही है, जबकि लोग जीवित रहने के तरीकों की तलाश कर रहे हैं।
इससे पहले नोवेल्टी चौक पर बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व करते हुए युवा कांग्रेस नेता ने कहा कि मोदी ने पिछले सात माह में घरेलू एलपीजी की कीमत में लगभग 250 रुपये बढ़ोतरी की। दूध की दरों में भी बढ़ोतरी की, पेट्रोल और डीजल की कीमतों में लगातार वृद्धि हो रही है।