केंद्र सरकार की ओर से रेड फ्लैग रिपोर्ट जारी करने के बाद जीएसटी एंड टैक्सेशन डिपार्टमेंट चंडीगढ़ ने जीएसटीआर-3बी के 399 डिफाल्टरों की सूची बनाई है। इस सूची में वरिष्ठ कांग्रेसी नेता कपिल सिब्बल के साथ उनके तीन भाइयों के नाम भी शामिल हैं। जीएसटीआर-3बी के तहत फर्मों को हर माह रिटर्न फाइल करना आवश्यक होता है।
केंद्र सरकार ने जीएसटी रिटर्न को लेकर देश के सभी राज्यों के जीएसटी एंड टैक्सेशन डिपार्टमेंट को रेड फ्लैग रिपोर्ट जारी की है। इस रिपोर्ट में रिटर्न न फाइल करने वाले सभी बकायेदारों के नाम और उनकी फर्मों की जानकारी दी गई है। केंद्र की रिपोर्ट के बाद चंडीगढ़ जीएसटी एंड टैक्सेशन डिपार्टमेंट भी ऐसे बकायेदारों की सूची बनाने में जुटा हुआ है।
डिपार्टमेंट ने अभी दो दिन पहले ही 399 जीएसटीआर-बी रिटर्न न फाइल करने वालों की सूची बनाई है। इसमें कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कपिल सिब्बल उनके भाई वीरेंद्र कुमार सिब्बल, कंवल सिब्बल और जितेंद्र कुमार सिब्बल का नाम भी शामिल है।
आवासीय मकान के किराए का नहीं जमा किया जीएसटीएन रिटर्न
चंडीगढ़ सेक्टर-5 स्थित मकान नंबर 29 सिब्बल परिवार के नाम पर है। इनमें कपिल सिब्बल और उनके भाई वीरेंद्र सिब्बल, कंवल सिब्बल, जितेंद्र सिब्बल के नाम शामिल हैं। इस आवासीय मकान को किराये पर उठाया गया है। किराए की आय पर 18 प्रतिशत के हिसाब से हर माह जीएसटीएन रिटर्न फाइल किया जाता है। दो माह का रिटर्न फाइल नहीं होने के कारण डिपार्टमेंट ने डिफाल्टर की सूची में नाम शामिल किया है।
कई और बड़े नाम शामिल
जीएसटी एंड टैक्सेशन डिपार्टमेंट की लिस्ट में कई और बड़े नाम शामिल हैं। सिब्बल फैमिली के अलावा सेक्टर-6 स्थित डायरेक्टर हॉस्पिटलिटी (यूटी गेस्ट हाउस), टिंबर ट्रेल ट्रेवल टू डे प्राइवेट लिमिटेड, मूवर्स एंड पैकर्स, चंडीगढ़ निवास कंस्ट्रक्शन के साथ पंजाब स्टेट मीडिया सोसायटी के नाम भी डिफाल्टरों की सूची में शामिल हैं।
क्या है जीएसटीआर-3बी?
जीएसटी के जानकारों का कहना है कि जीएसटीआर-3बी के तहत हर माह रिटर्न फाइल की जाती है। महीने की 20 तारीख को यह रिटर्न फाइल होती है। यदि फर्म के द्वारा रिटर्न फाइल नहीं किया जाता है तो डिपार्टमेंट फाइन की कार्रवाई करता है। इसके बाद भी यदि रिटर्न फाइल नहीं किया जाता तो जीएसटीआईएन नंबर बंद कर दिया जाता है और रिकवरी की कार्रवाई डिपार्टमेंट के द्वारा की जाती है।
केंद्र सरकार की रेड फ्लैग रिपोर्ट के बाद ही जीएसटीआर-3बी रिटर्न फाइल करने वालों पर शिकंजा कसा जा रहा है। यदि किसी के द्वारा एक माह का भी रिटर्न नहीं भरा गया है तो वह डिपार्टमेंट के लिए डिफाल्टर होता है। कपिल सिब्बल और उनके भाइयों ने दो माह से रिटर्न फाइल नहीं किया है।
- आरके चौधरी, असिस्टेंट कमिश्नर, एक्साइज एंड टैक्सेशन डिपार्टमेंट, चंडीगढ़