चंडीगढ़। परीक्षा पास करने और मेरिट सूची में नाम आने के बाद करीब दो साल से नियुक्ति के इंतजार में बैठे युवाओं को चंडीगढ़ ट्रांसपोर्ट अंडरटेकिंग (सीटीयू) ने नियुक्ति पत्र देना शुरू कर दिया है। अमर उजाला ने इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया था, जिसके बाद सीटीयू के अधिकारी हरकत में आए और युवाओं को नियुक्ति पत्र देना शुरू किया।
जुलाई 2019 में सीटीयू ने आउटसोर्स पर 250 कंडक्टरों की भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किया था। 6364 युवाओं ने फार्म भरा और परीक्षा के बाद 12 जनवरी 2020 को नतीजे जारी किए गए। 392 अभ्यर्थियों की मेरिट लिस्ट बनी। इसके बाद कोरोना आ गया और भर्ती प्रक्रिया रुक गई। अधिकारी कई महीने तक इन युवाओं को टालते रहे। कुछ अधिकारियों ने यहां तक कह दिया कि भर्ती खारिज हो चुकी है। इसके बाद जेएमडी कंपनी से कंडक्टर भर्ती के नाम पर हजारों युवाओं से फार्म भरवा लिए। 392 अभ्यर्थियों के साथ हुई इस नाइंसाफी को अमर उजाला ने उजागर किया। इसके बाद परिवहन विभाग की तरफ से आधिकारिक तौर पर कहा गया कि चंडीगढ़ सिटी बस सर्विस सोसाइटी (सीसीबीएसएस) में कंडक्टर की कोई नई भर्ती नहीं की जा रही है। ये अफवाह है कि जेएमडी कंसल्टेंट कंपनी द्वारा कंडक्टरों की भर्ती की जा रही है। इसके बाद अधिकारियों ने अभ्यर्थियों को मिलने के लिए बुलाया और फिर उन्हें नियुक्ति देने का आश्वासन दिया। अब जाकर विभाग चरणबद्ध तरीके से युवाओं को नियुक्ति पत्र दे रहा है।
इलेक्ट्रिक बसों के आने के बाद शुरू हुई भर्ती
इलेक्ट्रिक बसों के आने के बाद सीटीयू को कंडक्टरों की जरूरत है, जिसके बाद नियुक्ति प्रक्रिया शुरू हुई है। अभी शहर में 11 ई-बसें आ चुकी हैं। नवंबर के आखिर तक 20 और दिसंबर माह के आखिर तक 40 ई-बसों के शहर पहुंचने की उम्मीद है। इसके अलावा प्रशासन ने अगली 40 ई-बसों के लिए भी टेंडर जारी कर दिया है। 392 अभ्यर्थियों में से क्रमानुसार विभाग अब तक करीब 55 को नियुक्ति पत्र दे चुका है। इसमें से कइयों को कंडक्टर नंबर भी मिल चुका है और वह विभिन्न रूट पर ट्रेनिंग कर रहे हैं। आने वाले दिनों में भी अन्य अभ्यर्थियों को क्रमानुसार बुलाया जाएगा। विभाग के अधिकारियों ने कहा है कि वह इस सूची में से सभी पात्र को नियुक्ति देंगे।