चंडीगढ़। चंडीगढ़ हाउसिंग बोर्ड (सीएचबी) तीसरे फेज के तहत शहर के अलग-अलग सेक्टरों में बनी 11 लीज होल्ड आवासीय संपत्तियों को बेचने के लिए ई-टेंडर करने जा रहा है। 4 जून से लोग टेंडर प्रक्रिया में हिस्सा ले सकेंगे और 30 जून तक अपनी बोली जमा कर सकेंगे। बोली एक जुलाई को सुबह 10 बजे खोली जाएगी और जिस मकान के लिए जिसकी बोली सबसे ज्यादा होगी, उसे मकान बेच दिया जाएगा।
बोर्ड ने इन संपत्तियों के आरक्षित मूल्य तय कर दिए हैं। इसके तहत सेक्टर-45 के एचआईजी फ्लैट का आरक्षित मूल्य 1.07 करोड़ रुपये तय किया है। सेक्टर-39 के एचआईजी फ्लैट का आरक्षित मूल्य 1.05 करोड़, सेक्टर-38वेस्ट के एमआईजी फ्लैट का आरक्षित मूल्य 64 लाख, सेक्टर-47 के एलआईजी फ्लैट का आरक्षित मूल्य 22 लाख और सेक्टर-41 एलआईजी फ्लैट का आरक्षित मूल्य 25 लाख रुपये तय किया गया है। सीएचबी अब तक ई-नीलामी के लिए आवासीय व व्यावसायिक संपत्तियों की नीलामी करता था, लेकिन अब बेहतर प्रस्तावों और गोपनियता की बरकरार रखने के लिए टेंडरिंग का सहारा ले रहा है।
30 जून शाम 6 बजे तक लगा सकते हैं बोली
चंडीगढ़ प्रशासन की ई-टेंडरिंग वेबसाइट https://etenders.chd.nic.in पर 30 जून शाम 6 बजे तक बोली जमा कराई जा सकती है। बोर्ड ने साफ किया है कि ई-टेंडरिंग में दिए गए समय के बीच कोई भी बोली लगा सकता है और अपनी बोली में बदलाव भी कर सकता है। बोर्ड ने यह साफ किया है कि 18वर्ष से ऊपर देश के किसी भी राज्य में रहने वाला व्यक्ति इस ई-टेंडरिंग की प्रक्रिया में भाग ले सकता है। मकान खरीदने के लिए एनआरआई भी बोली लगा सकते हैं। बोर्ड ने कहा है कि जो भी आरक्षित मूल्य तय किया गया है, उसके अनुसार सबसे ज्यादा बोली लगाने वाले व्यक्ति को ही मकान बेचा जाएगा। प्रत्येक बोलीदाता को दो लाख रुपये बयाना राशि जमा करानी होगी, जिसे ऑनलाइन जमा कराया जा सकता है। इसके बाद ही वह अपनी बोली जमा कर पाएगा। 16, 23 और 29 जून को सुबह सुबह 10 से लेकर शाम 5 बजे के बीच मकानों की इंस्पेक्शन की जा सकती है।