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स्वतंत्रता दिवस: चंडीगढ़ के युवा बोले- भगत सिंह व महात्मा गांधी के विचार आज भी प्रासंगिक

Sun, 15 Aug 2021 10:14 AM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़

सार

रंगकर्मी प्रीति का कहना है कि शहीद-ए-आजम भगत सिंह आज भी प्रासंगिक और प्रेरणादायी हैं। युवाओं को उनसे प्रेरणा लेकर देश और समाज के लिए आगे आना चाहिए। आज हम अधिक स्वार्थी हो गए हैं। इसकी शुरुआत घर से ही हो सकती है कि पहले हम परिवार और आसपास की समस्याओं के लिए आवाज उठाएं। 
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महात्मा गांधी - फोटो : फाइल
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विस्तार
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देश आजादी की 75वीं वर्षगांठ मना रहा है लेकिन आम नागरिक भेदभाव की राजनीति, शिक्षा व स्वास्थ्य जैसी समस्याओं से जूझ रहा है। शहर के युवा, विद्यार्थियों व कलाकारों का कहना है कि आजादी के नेताओं और स्वतंत्रता सेनानियों को हमें फिर से पढ़ने की जरूरत है। इनमें भी खासकर शहीद भगत सिंह व उनके साथी, राष्ट्रपिता महात्मा गांधी, किसान नेता छोटूराम और सुभाषचंद्र बोस से प्रेरणा लेने की जरूरत है। इनके कामों और विचारों को पढ़ने के साथ समझना भी होगा। इसे समाज में बदलाव के लिए अपनाना भी पड़ेगा।

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युवाओं के लिए पढ़ना जरूरी
देश को आजादी दिलाने में स्वतंत्रता सेनानियों और नेताओं ने अहम योगदान दिया लेकिन सुभाषचंद्र बोस और शहीद भगत सिंह के विचार आज भी प्रासंगिक है। इन्होंने पढ़ा, समाज को समझा और राजनीति से अलग होकर खुद देश के लिए आगे आए और लक्ष्य को पूरा किया। युवाओं को भी इनकी तरह काम करने के लिए पहले पढ़ना बहुत जरूरी है। - सौरभ, रंगकर्मी



शहीद-ए-आजम से प्रेरणा लें
नौजवानों को वर्तमान में शहीद-ए-आजम भगत सिंह से प्रेरणा लेने की जरूरत है। आज के समय में भी हम गरीबी-अमीरी, जात-पात, आम जन के शिक्षा व स्वास्थ्य जैसे मुद्दों से जूझ रहे हैं। इन सबसे आजादी के लिए शहीद-ए-आजम की तरह हमें खुद लड़ना होगा। - वरुण शर्मा, रंगकर्मी

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सिर्फ नाम की आजादी मिली

देश में गरीब-अमीर में अंतर और जात-पात की राजनीति बढ़ती जा रही है। राजनेता स्वार्थ के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं। शहीद-ए-आजम भगत सिंह और किसान नेता छोटूराम की तरह समाजवाद को अपनाकर सामाजिक मुद्दों पर आवाज बुलंद करने की जरूरत है। सिर्फ नाम की आजादी मिली है, सामाजिक समस्याओं को लेकर पहले की तरह पिस रहे हैं। - अमन, विद्यार्थी  

सबको साथ लेकर चलना होगा
आज महात्मा गांधी के विचार दबते जा रहे हैं। हमें शांतिपूर्ण तरीके से मुद्दों का हल निकालना चाहिए। राजनीति और समाज दोनों में स्वार्थ बढ़ रहा है। गांधी सबको साथ लेकर चलते थे, अगर हमें किसी चीज के खिलाफ लड़ना है तो हमें एकजुट होना बहुत जरूरी है।  -लक्षित, विद्यार्थी

स्वतंत्रता सेनानियों के बारे में जानें
देश को आजादी दिलाने में महात्मा गांधी और शहीद-ए-आजम भगत सिंह की अहम भूमिका रही है। वर्तमान में दोनों के विचार प्रासंगिक है। युवाओं को शहीद भगत सिंह के विचारों से प्रेरणा लेनी चाहिए। महात्मा गांधी की तरह धीमी और स्थिर गति से हम समस्याओं से निजात नहीं पा सकते। युवाओं को स्वतंत्रता सेनानियों के बारे में पढ़ना चाहिए। - राहुल धीमान, कलाकार

आवाज उठाने की शुरुआत करें
शहीद-ए-आजम भगत सिंह आज भी प्रासंगिक और प्रेरणादायी हैं। युवाओं को उनसे प्रेरणा लेकर देश और समाज के लिए आगे आना चाहिए। आज हम अधिक स्वार्थी हो गए हैं। इसकी शुरुआत घर से ही हो सकती है कि पहले हम परिवार और आसपास की समस्याओं के लिए आवाज उठाएं। - प्रीति, रंगकर्मी
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