पंजाब में गैंगस्टरों और आतंकियों के गठजोड़ पर केंद्र की नजर है। लगातार आ रहे ड्रोन, सूबे में बरामद हो रहे विस्फोटक, सीमा पार से आ रहा नशा और गैंगस्टरों के माध्यम से करवाई जा रही हत्याओं में आतंकी संगठनों के शामिल होने का खुलासा होने के बाद एनआईए को सक्रिय किया गया है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने इस संदर्भ में संज्ञान लिया। इसके बाद पंजाब और हरियाणा में एनआईए की यह दूसरी कार्रवाई है।
अधिकारियों को पिछले छापों के दौरान जो कागजात बरामद हुए थे, उसके आधार पर मंगलवार को कार्रवाई की गई है। मंगलवार को जो फोन, सिम कार्ड और दस्तावेज बरामद किए गए हैं, उनका गहन अध्ययन करने के बाद केंद्रीय एजेंसियां आतंकी संगठनों का पता लगाने का प्रयास करेंगी। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक आमतौर पर पाकिस्तान से जुड़े आतंकियों के कनाडा में बैठे खालिस्तान समर्थकों से तार जुड़े हैं।
सिर्फ गैंगस्टरों को पकड़ने के लिए या उन तक पहुंचने के लिए एनआईए यह कार्रवाई नहीं कर रही है। एनआईए ने हरियाणा पुलिस के साथ संयुक्त कार्रवाई की है। इसके बाद तय हुआ है कि जांच में अगर कोई स्थानीय अपराध में संलिप्त गतिविधियां होंगी तो उनसे संबंधित जांच हरियाणा पुलिस को दी जाएगी। अन्यथा पूरे मामले को एनआईए अपने स्तर पर देखेगी।
10 गैंगस्टरों की बन चुकी लिस्ट
कुछ मामलों की पड़ताल में पंजाब के गैंगस्टर्स का आईएसआई और खालिस्तानी आतंकियों से संबंध सामने आया था। इसके बाद एनआईए ने नीरज बवाना, लॉरेंस बिश्नोई और टिल्लु ताजपुरिया जैसे 10 गैंगस्टर की सूची बनाई थी। इन गिरोह पर एजेंसियों की नजर थी।
रिंदा के करीबियों पर नजर
पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी की गोद में बैठा नामी गैंगस्टर हरविंदर रिंदा बब्बर खालसा का कुख्यात आतंकी बन चुका है। पंजाब में नामी गैंगस्टरों समेत कई बदमाश उसके सीधे संपर्क में हैं। इस नेटवर्क को तोड़ने और तलाशने की तैयारी की जा रही है। कोलकाता में एक गैंगस्टर का पुलिस ने एनकाउंटर किया था, उसके भी रिंदा से संबंध उजागर हुए हैं।