अफीम के पौधों की खेती परमिट या लाइसेंस लेकर ही की जा सकती है। चंडीगढ़ पुलिस के एएसआई ने गुप्त सुचना के आधार पर ब्लूमिंग डेल नर्सरी में छापेमारी की और वहां से अफीम के पौधे, लाल फूल और डोडे बरामद किए।
चंडीगढ़ में अफीम की खेती करने का मामला सामने आया है। यह खेती आईटी पार्क थाना क्षेत्र के अंदर पड़ने वाले किशनगढ़ गांव के पास बनी एक नर्सरी में हो रही थी। चंडीगढ़ पुलिस के जिला क्राइम सेल ने इस मामले का खुलासा करते हुए दो लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
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सेक्टर 24 डीसीसी में तैनात एएसआई राहुल भारद्वाज को गुप्त सुचना मिली थी कि किशनगढ़ चौक के पास ब्लूमिंग डेल नर्सरी में अफीम की खेती होती है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने नर्सरी में छापेमारी की और अफीम के 725 पौधे समेत लाल फूल और डोडे बरामद किए गए।
पुलिस ने नर्सरी के मालिक समीर कालिया (50) निवासी मकान नंबर 618 सेक्टर 10 पंचकूला और 39 वर्षीय माली सिया राम मकान नंबर 204 टावर के पास सिंघा देवी कॉलोनी नयागांव मोहाली के खिलाफ धारा 18 (सी) एनडीपीएस अधिनियम के तहत आपराधिक मामला दर्ज किया गया है। बता दें कि अफीम के पौधों की खेती बिना परमिट या लाइसेंस के नहीं की जा सकती।