पंजाब के पूर्व सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने शनिवार को मुख्यमंत्री चरणजीत चन्नी पर बड़ा आरोप लगाया। मीडिया से बातचीत में कैप्टन ने कहा कि सीएम चन्नी अवैध रेत खनन में हिस्सेदार हैं। अवैध रेत माइनिंग में शामिल होने से चरणजीत सिंह चन्नी के इनकार को सफेद झूठ बताते हुए कैप्टन अमरिंदर सिंह ने शनिवार को कहा कि जब वे मुख्यमंत्री थे तो उन्हें स्पष्ट रूप से बताया गया था कि अवैध माइनिंग के काम में चन्नी सहित कांग्रेस के कई अन्य नेताओं व विधायकों की हिस्सेदारी है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने साफ कर दिया कि वे अपने ही क्षेत्र पटियाला से चुनाव लड़ेंगे। उन्होंने इस बात से इनकार किया कि उन्हें कांग्रेस या किसी अन्य दल से कोई चुनौती मिल सकती है। उनका कहना था कि जितनी भी पार्टियों के मुख्यमंत्री पद के दावेदार हैं, उनमें किसी में भी इतनी काबलियत नहीं कि वे पंजाब के भविष्य के बारे में सोच भी सकें।
सिद्धू पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति दावा करता हो कि वह हर दिन एक घंटा सुबह और एक घंटा शाम ईश्वर से सीधे बातें करता है, वह दिमागी तौर पर संतुलित कैसे हो सकता है? उन्होंने कहा कि पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष सिद्धू पाकिस्तान जाकर वहां के प्रधानमंत्री इमरान खान और जनरल बाजवा के साथ चाहे जितनी भी झप्पियां डालें, लेकिन उससे शांति नहीं लाई जा सकती। न ही देश के लोग ही इस बात को स्वीकार कर पाएंगे, जबकि हमारे सैनिक आए दिन मारे जा रहे हों। उन्होंने कहा कि यदि ताजा आंकड़े ही लिए जाएं तो पता चलता है कि 2017 से अब तक अकेले पंजाब के रहने वाले 83 फौजियों की मौतें पाकिस्तानी फायरिंग में हुई हैं।
आप के मुख्यमंत्री पद के दावेदार भगवंत सिंह मान को कैप्टन ने पूरी तरह से कॉमेडियन बताते हुए कहा कि जिस राज्य की छह सौ किलोमीटर लंबी सीमा पाकिस्तान से लगती हो उसे कोई कॉमेडियन नहीं चला सकता। पंजाब के लोग आप और केजरीवाल के पैंतरों के चक्कर में नहीं आएंगे। उन्होंने 2017 में भी फंसाने की कोशिश की थी, लेकिन लोगों ने विश्वास नहीं किया। उन्होंने उन चुनावी सर्वे को भी मानने से इनकार किया, जिनमें आप को बाकी दलों से आगे दिखाया गया है।
बादल व शिरोमणि अकाली दल के विषय में कैप्टन ने कहा कि यही लोग हैं जो 2015 में बेअदबी और ड्रग की समस्या के लिए जिम्मेदार हैं। ऐसे लोग प्रदेश को कैसे चला सकते हैं? उनका कहना था कि मुख्यमंत्री रहते हुए मैं ही बेअदबी के मामलों को सफलतापूर्वक न्यायालयों में ले गया था, जबकि सीबीआई की ओर से कई अड़ंगे खड़े किए गए थे।
पूर्व मुख्यमंत्री ने चुनावों के बाद कांग्रेस या आप के साथ किसी प्रकार के समझौते की संभावना से इंकार करते हुए कहा कि उनकी पार्टी का भाजपा और शिरोमणि अकाली दल (संयुक्त) से साफ-सुथरा समझौता है और उनका गठबंधन ही चुनाव जीतेगा। तीनों दल प्रदेश के लिए कॉमन मिनिमम प्रोग्राम बनाने पर काम कर रहे हैं जो प्रदेश और निवासियों के भविष्य को सुरक्षित बनाने का काम करेंगे। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री पद के लिए नाम का तय किया जाना अभी बाकी है।
कैप्टन का कहना है कि असल पंजाब मॉडल वो है जो प्रदेश के भविष्य के लिए अच्छा है। सिद्धू और चन्नी द्वारा प्रचारित पंजाब मॉडल को सिरे से नकारते हुए उन्होंने कहा कि ये दोनों तो पंजाब के विषय में सोच भी नहीं सकते। आप द्वारा प्रचारित दिल्ली मॉडल को भी बकवास बताते हुए उन्होंने कहा कि केजरीवाल व्यापारियों पर तो भारी टैक्स लगा रहे हैं और उससे हुई आमदनी से गरीबों पर टैक्स माफ कर रहे हैं। इस प्रकार वह सिर्फ क्रास-सब्सिडी का इस्तेमाल कर रहे हैं।
प्रधानमंत्री की पंजाब यात्रा के दौरान सुरक्षा चूक का हवाला देते हुए कैप्टन ने कहा कि चन्नी के कारण जो सुरक्षा चूक हुई है, उसका नतीजा है कि प्रदेश को 43000 करोड़ की परियोजनाओं से हाथ धोना पड़ गया। अपनी इसी यात्रा में प्रधानमंत्री इन परियोजनाओं की घोषणा करने वाले थे। उन्होंने कहा कि पाकिस्तानी सेना की क्षमता है कि वह अपनी तोपों से 35 किमी तक मार कर सकती है, जबकि प्रधानमंत्री जिस पुल पर फंसे थे, वह तो सीमा से मात्र 10 किमी ही दूर है, इस कारण बड़ा खतरा पैदा हो गया था और इस सब के लिए चन्नी और उनकी सरकार पूरी तरह से दोषी है।