पंजाब में 2017 विधानसभा चुनावों में युवाओं को लुभाने के लिए कांग्रेस ने युवाओं पर फोकस करना शुरू कर दिया है। कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष और पूर्व सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने वीरवार को पंजाब यूनिवर्सिटी (पीयू) में युवाओं के साथ रूबरू कार्यक्रम रखा।
वैसे तो कार्यक्रम युवाओं पर फोकस होना चाहिए था। लेकिन यह कार्यक्रम पूरी तरह राजनीतिक होकर रह गया। पीयू में अकाली दल की स्टूडेंट इकाई सोई (स्टूडेंट आर्गेनाइजेशन ऑफ इंडिया) ने कैप्टन के कार्यक्रम का विरोध किया। यह प्रोग्राम एनएसयूआई पंजाब यूथ विंग की ओर से आयोजित किया गया था। पीयू एनएसयूआई छात्र नेता बरिंदर सिंह ढिल्लों, मनोज लुबाना और चंदन राणा की अगुवाई में कार्यक्रम हुआ।
खचाखच भरे पीयू लॉ ऑडिटोरियम में अमरिंदर ने कांग्रेस की सरकार आने पर कई लुभावने वादे भी किए। उन्होंने मौजूदा अकाली दल के नेता और पंजाब के सीएम प्रकाश सिंह बादल और डिप्टी सीएम सुखबीर बादल को भी निशाने पर रखा। कैप्टन ने कहा कि पिछले दस साल में पंजाब के हालात काफी बिगड़ चुके हैं।
उन्होंने कहा कि 1.25 लाख करोड़ का कर्ज पंजाब को चुकाना है। प्रदेश देश में पहले से 19वें नंबर पर आ चुका है। कैप्टन ने पंजाब में नशे की बढ़ती समस्या पर कहा कि उनकी सरकार आने पर इस खेल में शामिल बड़ी मछलियों को पकड़कर जेल में डाला जाएगा।
युवाओं द्वारा नौकरियों में भ्रष्टाचार पर पूछे सवाल पर पूर्व सीएम ने कहा कि हर घर के एक व्यक्ति को नौकरी दी जाएगी। उन्होंने कहा कि पंजाब में नियुक्ति प्रक्रिया को बदलकर उसमें पारदर्शिता लाई जाएगी। उन्होंने कहा कि जब 2002 में कांग्रेस की सरकार आई थी तब बादल के कार्यकाल में करोड़ों रुपये लेकर नौकरी देने वाले रवि सिद्धू को उन्होंने जेल भेजा था।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार आने पर लोकपाल को भी बहाल किया जाएगा। कार्यक्रम में युवाओं ने कई प्राइवेट यूनिवर्सिटी में डिग्री के नाम पर लाखों रुपये वसूले जाने का मुद्दा भी उठाया। कैप्टन ने कहा कि उनकी सरकार आने पर युवाओं को कम खर्च में क्वालिटी एजुकेशन मिलेगी।
विद्यार्थियों ने किए तीखे सवाल
कैप्टन अमरिंदर सिंह के इंट्रेक्शन प्रोग्राम में युवाओं ने कई तीखे सवाल किए। युवाओं ने पूछा कि कांग्रेस सरकार आने पर उसे सिर्फ कैप्टन चलाएंगे या दूसरे भी। इस उन्होंने कहा कि सिस्टम में कई लोगों की भागीदारी होती है। लेकिन हर फैसला जनता के हक में लिया जाएगा।
एक छात्रा ने कहा कि पढ़े लिखे युवाओं को क्या सिर्फ 4 हजार की नौकरी मिलेगी। इस पर उन्होंने कहा कि हम सभी को नौकरी नहीं दे सकते। लेकिन हर पढ़े लिखे युवक को प्राइवेट क्षेत्र में नौकरी मिले इसके प्रयास किए जाएंगे। वहीं पंजाब यूनिवर्सिटी को सेंट्रल यूनिवर्सिटी बनाने और पंजाब सरकार द्वारा पीयू के हिस्से का 48 करोड़ नहीं दिए जाने के सवाल पर भी कैप्टन चुप ही रहे।
सोई के 15 सदस्य हिरासत में
कैप्टन अमरिंदर सिंह के दौरे से नाराज सोई ने विरोध प्रदर्शन किया। सोई ने कैप्टन के कार्यक्रम के लिए पीयू प्रशासन द्वारा मंजूरी दिए जाने का कड़ा विरोध किया और जांच की मांग की। कैप्टन के कार्यक्रम से एक घंटे पहले हॉस्टल नंबर 1 के सामने सोई के कई छात्र नेताओं ने हाथों में पोस्टर लेकर कैप्टन दौरे का विरोध किया। इस दौरान लॉ ऑडिटोरियम की ओर बढ़ रहे करीब 15-20 सोई नेताओं और समर्थकों को पुलिस ने हिरासत में लिया।