पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह
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पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने शनिवार को कहा कि खालिस्तान रेफरेंडम 2020 अभियान के लिए खालिस्तानी आतंकवादी की नियुक्ति ने अलगाववादी आंदोलन के असली मकसद और इरादे को उजागर कर दिया है। उन्होंने केंद्र सरकार से आग्रह किया कि वह वैश्विक समुदाय को इस गंभीर खतरे से निपटने के लिए भारत के साथ खड़े होने के लिए दबाव डाले।
फरवरी, 2018 में अमृतसर में अपनी बैठक के दौरान कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन त्रूदो के साथ साझा की वांछित व्यक्तियों की सूची में शामिल हरदीप सिंह निज्जर को कनाडा सरकार द्वारा प्रमुखता दिए जाने संबंधी खबर पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कैप्टन अमरिंदर सिंह ने भारत में अशांति पैदा करने के लिए कनाडाई सरकार के समर्थन और अपनी धरती का इस्तेमाल करने वाले कट्टरपंथियों के समर्थन पर चिंता व्यक्त की।
हालांकि कैप्टन ने त्रूदो से आग्रह किया कि वे ऐसे तत्वों को भारत की शांति और स्थिरता को बाधित करने के लिए कनाडाई क्षेत्र का उपयोग करने की अनुमति देकर आग से न खेलें।
मुख्यमंत्री ने भारत सरकार से आह्वान किया कि वह देश में खासकर पंजाब में, दुनिया के अन्य हिस्सों से समस्याएं पैदा करने की कोशिशों से कड़ाई से निपटे। मुख्यमंत्री ने भारत विशेषकर पंजाब की शांति और सुरक्षा को बिगाड़ने के लिए ऐसे कठोर तत्वों पर लगाम लगाने में कनाडा की विफलता पर भी चिंता व्यक्त की।