सामाजिक कार्यकर्ता आनंद तेलतुमबड़े की मुंबई में गिरफ्तारी के विरोध में पीएसयू ललकार, आइसा, एसएफएस ने विरोध प्रदर्शन किया। इस मौके पर मोदी सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई। पीएसयू ललकार की सदस्य अमनप्रीत कौर ने कहा कि मोदी सरकार तानाशाही पर उतारू है। उन्होंने आरोप लगाया कि जो भी सरकार के खिलाफ बोलने की कोशिश करता है उसे गिरफ्तार कर जेल में भिजवाया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि कलाकारों के साथ ऐसा किया जाना गलत है। संगठन ऐसे गतिविधियों का विरोध करता है। आइसा अध्यक्ष विजय कुमार ने कहा कि केंद्र सरकार पहले जुमलों के लिए प्रसिद्ध थी, अब हमलों के लिए जानी जा रही है। शिक्षण संस्थानों के शिक्षकों, विद्यार्थियों पर हमले किए जा रहे हैं। कलाकारों को गिरफ्तार किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि न तो मोदी सरकार रोजगार दे पाई और न ही गरीब विद्यार्थियों के लिए अन्य रास्ते खोल पाई। सात फरवरी को देशभर के युवा दिल्ली में होने वाले प्रदर्शन में सरकार को जवाब देंगे। एसएफएस से संदीप ने कहा कि केंद्र सरकार के खिलाफ जो बोलने की कोशिश करता है उस पर शिकंजा कसा जा रहा है। इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस मौके पर पीएसयू ललकार से जगतेश्वर, रजनीश, नवदीप, एसएफएस से हरमन, आइसा से यूटी अध्यक्ष अमन रतिया, रजत कुमार, राजेश, निर्मला, उमा, नीरू, अंगद, रविंदर आदि रहीं।