एसएसपी माहल ने बताया कि पुलिस ने जांच में पाया कि अतुल ने बस्ती बावा खेल की शेर सिंह कालोनी के रहने वाले एफसीआई से रिटायर शाम सिंह को 50 हजार रुपये उधार दिए थे। इन रुपये की वसूली को लेकर अतुल की तकरार शाम सिंह के साथ हुई थी। इतना ही नहीं अतुल ने कुछ शब्दावली ऐेसी इस्तेमाल की थी, जो शाम सिंह व उसके तीनों बेटों गुरप्रीत सिंह, मंदीप सिंह व गुरविंदर सिंह को चुभ गई थी। शनिवार को अतुल पैसों की वसूली के लिए शाम सिंह के घर गया था। वहां पर फिर से अतुल ने आपत्तिजनक शब्दावली का इस्तेमाल किया।
उस समय शाम सिंह, तीनों बेटों के अलावा भांजा रविंदर सिंह निुवासी ढिलवा कपूरथला भी आया हुआ था। पांचों ने अतुल को पकड़ लिया और रस्सी डालकर उसका गला घोटकर हत्या कर दी। बाद में शव को अतुल की कार में ही फेंककर अमृतसर मार्ग ले गए और कार वहीं छोड़कर ऑटो में वापस आ गए। एसएसपी माहल ने बताया पुलिस ने इलाके की सीसीटीवी फुटेज खंगाली है, जिसमें अतुल की कार दिखाई देती है। इसके अलावा काफी पुख्ता सबूत पुलिस को मिल चुके हैं।
शाम सिंह व उसके तीनों बेटे पहले मोहकमपुरा अमृतसर रहते थे और बाद में जालंधर आकर शेर सिंह कालोनी में बस गए। यहां उन्होंने कपड़े बेचने का काम शुरू किया और ऑटो व गाड़ी लेकर उसमें कपड़ा बेचने के लिए जाते थे। पैसों की तंगी के कारण शाम सिंह ने अतुल से पैसा उधार लिया था, जिसको उसने ब्याज के साथ वापस करना था। इस पैसों को शाम सिंह वापस नहीं दे रहा था, जिस कारण उसकी अतुल की तकरार हो गई।