हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट बेहद फायदेमंद होती है। इससे वारदातों और हादसों पर लगाम लगेगी। चौंक गए जानकर। लेकिन ये सच है। क्रोमियम होलोग्राम वाले हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट में सात डिजिट का लेजर कोड यूनीक रजिस्ट्रेशन नंबर होता है।
इस नंबर के जरिये किसी भी हादसे या आपराधिक वारदात होने की स्थिति में वाहन और इसके मालिक के बारे में तमाम जानकारियां उपलब्ध होंगी। नंबर प्लेट पर आईएनडी लिखा होता है, साथ ही क्रोमियम प्लेटेड नंबर और इंबॉस होने की वजह से नंबर प्लेट को रात के वक्त भी वाहनों पर कैमरे के जरिये नजर रखना संभव होगा।
कई बार अपराधी वाहनों के रजिस्ट्रेशन नंबर के साथ छेड़छाड़ कर भी फायदा उठा लेते थे, लेकिन हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट पर ऐसा करना संभव नहीं होगा।
लेजर डिटेक्टर कैमरा के लगाने के बाद किसी भी वाहन के बारे में कभी भी आसानी से पता लगाना संभव होगा और देश भर में हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट के लगाने के साथ ही इंजन, चेसिस नंबर सहित तमाम यूनीक जानकारियां भी नेशनल डाटाबेस में होंगी, जो पूरे देश के वाहनों का एक सेंट्रलाइज्ड रिकॉर्ड होगा।