मुख्यमंत्री मनेाहर लाल अपनी जनसभाओं में बरोदा की जनता को बहुत कुछ देने की बात कह रहे हैं। उन्होंने यहां आईएमटी का वादा कर कॉलेज को विश्वविद्यालय का दर्जा देने की बात कही है। साथ ही पहलवान योगेश्वर दत्त्त को जीत के बाद मंत्री बनाने की बात भी कह दी है। वे यहां अपनी सरकार के दौरान दिए गए 165 करोड़ के अलावा अन्य बहुत कुछ देने का दावा कर रहे हैं।
दावों से परे बरोदा का हाल
राजनीतिक दलों की बातों से कोसों दूर बरोदा विधानसभा की हकीकत यह है कि चुनाव के दौरान राजनीति की रोटियां सेकने वाली पार्टियां आज तक इस हलके का कल्याण नहीं कर पाई हैं। एक दर्जन गांव छोड़ दिए जाएं तो अन्य गावों में पानी और सड़क की समस्या आम है। खेती करने वाले किसानों के लिए बाढ़ का पानी यहां बड़ी समस्या है।
उपचुनाव का फायदा
यहां की जनता को उपचुनाव का यह फायदा जरूर मिला है कि चार माह में यहां काफी काम हुए हैं। यहां के सभी 54 गांव में शिक्षा का स्तर बहुत ऊंचा नहीं है। पानी भरने के लिए आज भी गांव की महिलाएं बहुत दूर तक जाती हैं। इसके अलावा पिछड़ा क्षेत्र होने के कारण कुछ गांव में युवाओं की शादी की भी समस्या है।
भाजपा ने मैदान में उतारी जाट नेताओं की फौज
भाजपा ने अपने सभी जाट नेता इस चुनाव में उतार दिए हैं। प्रदेश अध्यक्ष ओम प्रकाश धनखड़ यहां जीत दिलवाने के लिए एड़ी-चोटी का जोर लगाए हैं। कैप्टन अभिमन्यु भी यहां आकर वोट मांग चुके हैं। इसके अलावा सुभाष बराला भी दिन रात एक कर गठबंधन के प्रत्याशी को जितवाने के लिए जोर लगाए हुए हैं।