पंजाब में होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए आम आदमी पार्टी ने खुलासा किया है कि प्रदेश में एक घोषणापत्र नहीं होगा। पार्टी यूथ के बाद अलग-अलग वर्गों केलिए मेनिफेस्टो तैयार करेगी। पार्टी का यूथ मेनिफेस्टो राष्ट्रीय कन्वीनर अरविंद केजरीवाल तीन जुलाई को अमृतसर में होने वाले कार्यक्रम में रिलीज करेंगे।
पार्टी के पंजाब डायलॉग टीम के मेंबर आशीष खेतान और कंवर संधू ने प्रेस कांफ्रेंस में बताया कि जल्द ही पार्टी किसान, दलित, महिला व अन्य वर्गों केलिए भी मेनिफेस्टो तैयार करेगी। खेतान ने कहा कि यूथ मेनिफेस्टो तैयार करने को पार्टी ने स्कूल, कॉलेज, डिस्पेंसरी, इंडस्ट्री व अन्य जगहों का दौरा किया।
टीचरों, उद्यमियों और अन्य वर्गों के लोगों से बातचीत की गई। सात पंजाब डायलॉग आयोजित किए गए, जिनमें 700 से 2000 यूथ शामिल हुए। 44 विशेषज्ञों और छह यूनियनों से बातचीत की गई। उसकेबाद ही यूथ मेनिफेस्टो तैयार किया गया है। 51 प्वाइंट के मेनिफेस्टो में मुख्य तौर पर पांच चीजों शिक्षा, सेहत, नशे, बेरोजगारी और खेल पर फोकस किया जाएगा। संधू ने कहा कि टीचरों के सवा लाख पद हैं, जिनमें तीस हजार खाली हैं। प्राइमरी के 43 हजार में से 11 हजार खाली हैं।
आईटीआई में 14 हजार सीटें ट्रेनर न होने के कारण खाली पड़ी हैं। सरकार ने पांच साल में टीईटी से 120 करोड़ रुपये कमाए। पीटीयू दस सालंों में विभिन्न परीक्षाओं से दो सौ करोड़ कमा चुकी है। 1623 स्पोर्ट्स टीचर नहीं हैं। इसी लिए 51 प्वाइंट के मेनिफेस्टो में हर मुद्दे को कवर करने की कोशिश की गई है। दिल्ली सरकार ने शिक्षा व सेहत के क्षेत्र में अच्छा काम किया है, उन्हें पंजाब में लागू किया जाएगा। पंजाब में शिक्षा का बजट धीरे-धीरे बढ़ाया जाएगा, टीचरों को ट्रेनिंग केलिए विदेश भेजा जाएगा। खेतान ने कहा कि स्टूडेंट्स का दाखिले के समय डोप टेस्ट कराना गलत है। पार्टी ने मेनिफेस्टो में नशा पीड़ितों का मुद्दा भी कवर किया है। लोगों से ज्यादा पंजाब कैबिनेट को डोप टेस्ट की जरूरत है।